नकली मोबिल ऑयल फैक्टरी का पर्दाफाश
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बाहरी जिला की इन्वेटिगेशन यूनिट ने निहाल विहार के तीन जगहों पर चल रहे नकली मोबिल ऑयल बनाने की फैक्ट्री का खुलासा किया है। पुलिस ने इस मामले में तीन फैक्ट्री मालिक समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी नकली मोबिल ऑयल को नामी कंपनी के पैकिंग में डालकर उसे बेचकर मुनाफा कमा रहे थे। पुलिस ने इन फैक्ट्रियों से काफी मात्रा में नकली मोबिल ऑयल और पैकिंग का सामान और इसे बनाने वाले मशीन बरामद किए हैं।
जिला पुलिस उपायुक्त परविंदर सिंह ने बताया कि कैस्ट्रॉल कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि अंकित कुमार ने बाहरी दिल्ली में नकली मोबिल ऑयल बनाने की फैक्ट्री चलने और उनकी कंपनी के पैकिंग में नकली मोबिल ऑयल बेचे जाने की शिकायत की थी। जिले की इन्वेटिगेशन यूनिट ने कॉपी राइट का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को निहाल विहार के तीन अलग अलग जगहों पर नकली मोबिल ऑयल बनाने की फैक्ट्री चलने की सूचना मिली। इस सूचना पर पुलिस की टीम ने मंगलवार को इन तीनों जगहों पर दबिश दी। छापेमारी के दौरान इन जगहों से खाली बोतल, कॉर्क, स्टिकर और भारी मात्रा में नकली मोबिल ऑयल की बोतलें बरामद की गईं। पुलिस ने अवैध फैक्ट्री चलाने वाले गांव जुलाना जींद हरियाणा निवासी भारत भूषण, आशीष, तिलक नगर निवासी गजेंदर पाल सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
जांच में पता चला कि इन तीनों फैक्ट्री को नामी कंपनी का पैकिंग मेटेरियल किरारी निवासी श्याम नारायण मुहैया करवाता है। श्याम नारायण प्रिटिंग प्रेस चलाता है। पुलिस ने श्याम नारायण के प्रिटिंग प्रेस पर छापा मारकर उसे भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस को उसके कब्जे से काफी मात्रा में नकली पैकिंग मेटेरियल मिला। पुलिस ने बताया कि गजेंदर की फैक्ट्री से 1240 लीटर, भारत भूषण की फैक्ट्री से 32 लीटर और आशीष की फैक्ट्री से 40 लीटर नकली मोबिल ऑयल मिला है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर जांच में जुटी है।