बारापूला फेज तीन एलिवेटेड कोरिडोर...
दिल्ली के यातायात के लिए यह परियोजना सबसे महत्वपूर्ण परियोजना हैं। इसके तहत पूर्वी दिल्ली के मयूर विहार से एम्स तक सिग्नल फ्री यातायात किया जाना है। इस परियोजना को पूरा होने में विभिन्न कारणों से कई वर्ष देरी से निर्माणाधीन है। सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार, परियोजना पर अब तक 880.11 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। करीब 200 करोड़ से अधिक की लागत और आएगी। अनुमान के अनुसार इसका निर्माण कार्य दिसंबर तक पूरा कर लिया जाएगा।
पंजाबी बाग फ्लाईओवर...
यह परियोजना पंजाबी बाग फ्लाईओवर और राजा गार्डन फ्लाईओवर के बीच एकीकृत ट्रांजिट कॉरिडोर का हिस्सा है। इसकी लागत 352 करोड़ से अधिक है। अक्तूबर 2023 तक परियोजना में 174.31 करोड़ खर्च किया गया है। निर्माण कार्य इस वर्ष मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा। इससे पश्चिमी दिल्ली के साथ ही बाहरी दिल्ली के वाहन चालकों को जाम से राहत मिलेगी।
आनंद विहार आरओबी से अप्सरा बॉर्डर आरओबी तक फ्लाईओवर का निर्माण...
इस परियोजना के तहत आनंद विहार आरओबी और अप्सरा बॉर्डर आरओबी के बीच रोड नंबर-56 पर करीब 1440 मीटर लंबा और छह लेन का चौड़ा फ्लाईओवर का निर्माण किया जा रहा है। इस दौरान रैंप, फुटपाथ, साइनेज, स्ट्रीट लाइट, ड्रेनेज, हॉर्टिकल्चर समेत अन्य कार्य भी किए जाएंगे। इस पर 59.50 करोड़ रुपये खर्च होंगे। यह परियोजना 31 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी।
गगन सिनेमा जंक्शन पर फ्लाईओवर...
पूर्वी दिल्ली के इस क्षेत्र में रोड साइनेज, इलेक्ट्रिकल वर्क, ड्रेनेज के साथ ही नंद नगरी और गगन सिनेमा जंक्शन पर फ्लाईओवर और मंगल पांडे मार्ग के लोनी चौक पर अंडरपास बनाया जा रहा है। इस पर 341.20 करोड़ रुपये खर्च आएगा। यह परियोजना 31 जुलाई तक पूरा कर लिया जाएगा।
हिंडन नहर पर स्लिप रोड ब्रिज का निर्माण...
पूर्वी दिल्ली के गाजीपुर ड्रेन से शमशान घाट, गाजीपुर डेयरी फार्म रोड और दिल्ली में गाजीपुर ड्रेन हिंडन नहर पर स्लिप रोड ब्रिज निर्माण पर 25.43 करोड़ रुपये खर्च होंगे। अक्तूबर 2023 तक परियोजना पर 24.70 करोड़ खर्च हो चुके हैं। निर्माण कार्य 31 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा।