सब कुछ ठीकठाक रहा तो अब सरकारी अस्पताल में मरीजों का ऑनलाइन डाटा तैयार होगा। राज्य सरकार ने इस बाबत योजना तैयार की है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग सॉफ्टवेयर तैयार कर रहा है। इस व्यवस्था के शुरू होने से प्रदेश के किसी भी अस्पताल से मरीज के इलाज संबंधी जानकारी प्राप्त की जा सकेगी।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, सरकारी अस्पतालों में आने वाले मरीजों को किसी भी स्थान से देखा जा सकने वाला डाटा तैयार करने के लिए सभी सरकारी अस्पतालों को ऑनलाइन से जोड़ने की योजना बनाई गई है। इससे प्रदेश के किसी भी अस्पताल में इलाज के लिए एक बार आने पर मरीज से उसका डाटा तैयार हो जाएगा।
इस व्यवस्था से मरीज की बीमारी, उसको दी गईं दवाइयां और उसकी बीमारी से संबंधित टेस्ट रिपोर्ट की जानकारी आसानी से हो जाएगी। दूसरे अस्पताल से भी इस जानकारी को प्राप्त कर संबंधित मरीज का बेहतर इलाज किया जा सकेगा।
विभाग का कहना है कि सरकार ने एक निर्देश जारी कर कहा है कि जिले में थैलीसिमिया के मरीजों की पहचान की जाए और उनकी जरूरत के मुताबिक सभी ब्लड बैंकों में उनके लिए हर वक्त खून उपलब्ध कराना सुनिश्चित हो। इस नई व्यवस्था के लिए बजट भी आवंटित किए जा चुके हैं। सीएमओ डॉ. गुलशन अरोड़ा का कहना है कि सरकार का जो भी निर्देश होगा, उसे पूरा किया जाएगा।