याचिका में कहा गया कि वर्तमान चुनाव याचिका याचिकाकर्ता (भारती) द्वारा जन प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 80 और 81 के तहत दायर की जा रही है, जिसमें नई दिल्ली संसदीय सीट से प्रतिवादी स्वराज के लोक सभा सदस्य के रूप में चुनाव को चुनौती दी गई है। याचिका में कहा गया है कि 25 मई 2024 को हुए लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान भारती उनके चुनाव एजेंट और प्रतिवादी की सहमति से अन्य व्यक्तियों द्वारा निर्वाचन क्षेत्र में भ्रष्ट आचरण किए गए। याचिका में आरोप लगाया गया कि आप के पूर्व मंत्री राज कुमार आनंद, जो वैसे तो बहुजन समाज पार्टी द्वारा खड़े किए गए उम्मीदवार थे, लेकिन वास्तव में उन्हें याचिकाकर्ता के खिलाफ उनकी मदद करने के लिए स्वराज की पार्टी द्वारा खड़ा किया गया था।
इसमें कहा गया कि आनंद दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार में मंत्री थे और नौ अप्रैल तक भारती के लिए प्रचार में सक्रिय थे और अचानक उन्होंने 10 अप्रैल को पार्टी से इस्तीफा दे दिया। याचिका में आरोप लगाया गया है कि वोट शेयर में कटौती करके स्वराज की मदद करने के लिए आनंद ने बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा और बाद में 10 जुलाई को वह भाजपा में शामिल हो गए।