विधानसभा चुनाव की दस्तक शुरू होने के साथ ही शहर में अब हर मुद्दे पर राजनीतिक जाम लगने शुरू हो गए हैं। बिजली-पानी की समस्या हो या फिर कोई हादसा। हर जगह स्थानीय नेता अपनी राजनीतिक रोटी सेंकने पहुंच रहे हैं।
मीडिया के कैमरे की फ्लैश चमकने के साथ ही वह अचानक गायब हो जाते हैं। इसका ताजा उदाहरण शुक्रवार को फरीदाबाद के बीके चौक पर देखने को मिला। दरअसल, शुक्रवार को पानी की समस्या को लेकर डबुआ व नेहरू कॉलोनी की सैकड़ों महिलाएं सुबह 11 बजे बीके चौक पर जमा हो गईं और जाम लगा दिया।
देखते ही देखते केएल मेहता मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। नीलम पुल की ओर जाम लग गया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि उनके यहां पिछले दो महीने से पानी की समस्या बनी हुई है। इस समस्या के बारे में स्थानीय पार्षद से लेकर नगर निगम के अधिकारी तक को शिकायत दर्ज करा चुके हैं, लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं है।
लोगों ने क्षेत्रीय विधायक के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की। इसी बीच इनेलो नेता नगेंद्र भड़ाना भी मौके पर पहुंच गए और जाम में शामिल हो गए। करीब एक घंटे तक ट्रैफिक बाधित रहा। मौके पर पहुंचे पुलिस व नगर निगम अधिकारियों ने उन्हें आश्वासन देकर जाम खुलवाया।
उधर, सीनियर डिप्टी मेयर मुकेश शर्मा का कहना है कि कुछ लोग बूस्टर पर लगी चाबी खोलकर पानी बहा देते हैं जिसके कारण यह समस्या पैदा हो जाती है। अब वहां पुलिस लगा दी गई है। फिर समस्या पैदा नहीं होगी।