दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने गैंगस्टर आसिम उर्फ हासिम उर्फ बाबा उर्फ फकीरा (28) को उत्तराखंड के रामनगर से गिरफ्तार किया है। आसिम फार्म हाउस में छिपकर रह रहा था।
अपराध शाखा के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अशोक चांद के अनुसार, इंस्पेक्टर कुलबीर सिंह को सूचना मिली थी कि आसिम (28) उत्तराखंड में छिपा हुआ है। 12 जून को कुलबीर सिंह की टीम ने उसे दबोच लिया।
यह चार साल से पुलिस को चकमा दे रहा था। पुलिस को हत्या व हत्या के प्रयास के चार मामलों में इसकी तलाश थी। आसिम दिल्ली-एनसीआर में वारदात करके उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड और महाराष्ट्र में छिपकर रहता था।
दिल्ली पुलिस ने इसकी गिरफ्तारी पर एक लाख रुपये का इनाम रखा हुआ था। इसने गैंगवार में हत्या की कई वारदात अंजाम दी हैं।
यहां कीं वारदातें
- वर्ष 2007 में आसिम ने अपराध की दुनिया में कदम रखा और जुए का नेटवर्क खड़ा किया। इस नेटवर्क पर ब्रह्मपुरी के मेहरबान का कब्जा था। आसिम ने इस नेटवर्क को तोड़ने के लिए मेहरबान के साथी कल्लू को गोली मार दी थी।
- वर्ष 2008 में उसने गोकलपुरी में कासिम को गोली मारी।
- वर्ष 2010 में जाफराबाद के आरिफ के गिरोह को खत्म करने के लिए गोली चला दी थी। वारदात में आरिफ बच गया था।
- फरवरी, 2014 में हसनपुर, गजरौला में शाहआलम, शाहनवाज व अरशद की हत्या हुई थी। यूपी पुलिस को इस हत्याकांड के लिए आसिम व उसके गिरोह पर शक है।