राशन वितरण प्रणाली में धांधलियों पर अंकुश लगाने के लिए खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने कवायद शुरू कर दी है। इसके लिए विभाग जल्द अपनी वितरण प्रणाली को हाईटेक करने जा रहा है।
प्रदेशभर में पीओएस (प्वाइंट ऑफ सेल) मशीन के जरिये राशन बांटा जाएगा। शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में नई व्यवस्था के तहत राशन वितरण होगा। हर राशन डिपो पर इस मशीन को लगाया जाएगा।
प्रदेश में इस प्रणाली को लागू करने के लिए अभी पंचकूला में ट्रायल चल रहा है। अगर सब ठीक रहा तो दो-तीन महीने में इसे प्रदेशभर में लागू किया जाएगा।
जिला एवं खाद्य आपूर्ति विभाग में करीब 70 प्रतिशत उपभोक्ताओं का डेटा डिजिटलाइज हो चुका है। विभाग में राशन कार्डों को अपग्रेड किया जा रहा है। पूरा डेटा ऑनलाइन किया जा रहा है। इसके बाद इसे साइट पर डाल दिया जाएगा।
इस तरह काम करेगी पीओएस
पीओएस से राशन खरीदने के लिए पात्र उपभोक्ताओं को कई चरणों से गुजरना होगा। सबसे पहले मशीन में उपभोक्ता के परिवार के सारे सदस्यों की पूरी आईडी दर्ज करानी होगी।
मशीन की स्क्रीन पर परिवार के सदस्यों की आईडी, उनका नाम और आधार नंबर दिखाई देगा। दुकान पर राशन खरीदने के लिए जो व्यक्ति आएगा, उसका नाम मशीन में फीड कर प्रमाणीकरण बटन दबाना होगा।
इसके बाद मशीन सामग्री की सूची और आवंटित मात्रा दिखाएगी। दोनों पर क्लिक करने के बाद मशीन से रसीद निकलेगी। इसी आधार पर ग्राहक को राशन मिलेगा।
लगातार आती थी शिकायत
विभाग के पास लगातार शिकायत आती है कि कर्मचारी बीपीएल और अन्य लाभार्थियों को राशन वितरण नहीं करते हैं। इसके अलावा जो पात्र लोग नहीं है वो भी अनाज खरीद रहे हैं।
कई बार तो अधिकारियों के पास भी गैर लाभपात्र लोगों को रोकने के लिए कोई उपाय नहीं होता जिससे पात्र लोग राशन से वंचित रह जाते हैं। इसी को रोकने के लिए तकनीकी का सहारा लिया जा रहा है। इस मशीन का यह भी फायदा रहेगा कि स्टॉक और बिक्री का पूरा आंकड़ा सुरक्षित रहेगा।