दिल्ली पुलिस में तैनात एसीपी के बेटे लक्ष्य की हत्या का मुख्य आरोपी विकास भारद्वाज को पुलिस ने पानीपत से गिरफ्तार कर लिया है। वारदात को अंजाम देने के बाद से आरोपी फरार था। पुलिस ने उसके कब्जे से लक्ष्य की इकोस्पोर्ट कार बरामद कर ली है। रविवार शाम गोताखोरों ने समालखा हरियाणा के पास नहर से लक्ष्य का शव भी बरामद कर लिया है। शुरुआती पूछताछ में आरोपी ने उधार में लिए पैसे वापस नहीं करने पर हत्या की बात कबूल की है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मुख्य आरोपी से पूछताछ कर घटना की कड़ियों को जोड़ा जा रहा है। इस मामले में एक आरोपी अभिषेक को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। पुलिस ने उसे तीन दिन के रिमांड पर लेकर पूछताछ की। खुलासा किया कि उसका दोस्त विकास भारद्वाज तीस हजारी अदालत में एक वकील का क्लर्क है। विकास ने उसे बताया था कि तीस हजारी अदालत में वकालत करने वाले लक्ष्य ने उससे रुपये उधार लिए। रुपये वापस मांगने पर वह उसके साथ दुर्व्यवहार करता है। उसके बाद उन लोगों ने लक्ष्य की हत्या की योजना बनाई।
22 जनवरी को विकास लक्ष्य को एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए रोहतक ले गया। वहां से लौटने के दौरान उनलोगों ने पानीपत में नहर के किनारे लक्ष्य को बहाने से कार से उतारा। फिर उसे नहर में धक्का देकर उसकी हत्या कर दी। उसके बाद विकास लक्ष्य की कार लेकर फरार हो गया। इस खुलासे के बाद पुलिस विकास के साथ साथ नहर में लक्ष्य के शव की तलाश शुरू की। पुलिस अधिकारी ने बताया कि तकनीकी जांच से पता चला कि विकास पानीपत में मौजूद है। पुलिस की टीम ने रविवार को छापा मारकर उसे हिरासत में ले लिया। पुलिस उसे लेकर समयपुर बादली थाना पहुंची, जहां शुरुआती पूछताछ में अपराध कबूल करने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।