ट्रांसमिशन लाइन में मोर के फंसने से बृहस्पतिवार सुबह पांच घंटे पावर कट रहा। इससे परीक्षा देने और ऑफिस जाने वालों को परेशानी झेलनी पड़ी।
अलसुबह बिजली सप्लाई ठप होने से महानगर में पेयजल आपूर्ति भी बाधित रही। लोग बूंद-बूंद पानी को तरस गए। चुनाव पर्यवेक्षकों के होटल की बिजली भी ठप हो गई। इमरजेंसी में अफसरों ने लोनी से सप्लाई लेकर चुनाव पर्यवेक्षकों के होटल को बिजली उपलब्ध कराई।
सुबह करीब 6:25 पर मोरटा से डीपीएच को आने वाली 132 केवी लाइन में मोर टकरा गया। इससे मुरादनगर 400 केवी सब स्टेशन में ब्रेकडाउन हो गया।
एक ट्रांसफार्मर ने आउटगोइंग सप्लाई बंद कर दी। इससे डीपीएच, लालकुंआ और मोरटा पावर स्टेशन ठप हो गए। महानगर में मुख्य सप्लाई इन्हीं सब स्टेशनों से है।
इससे महानगर में सप्लाई ठप हो गई। इसकी वजह से दिन निकलते ही लोगों को बिजली-पानी के संकट का सामना करना पड़ा। ऑफिस जाने वालों को पानी न मिलने से बड़ी परेशानी हुई। परीक्षाओं के चलते छात्र-अध्यापक भी सुबह घरों से समय पर नहीं निकल पाए। महानगर को पेयजल तक मयस्सर नहीं हुआ।
ट्रांसमिशन टीमों ने सुबह 10:30 पर मुख्य लाइन का फाल्ट ठीक कर सप्लाई शुरू की, लेकिन इसी दौरान पटेलनगर बिजलीघर के केबल में फॉल्ट आ गया। इससे लोहियानगर, पटेलनगर और बजरिया क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इन इलाकों में शाम चार बजे तक सप्लाई शुरू हो पाई।