दिल्ली में ओमिक्रॉन वैरिएंट को लेकर बड़ी बात सामने आई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार जनवरी से मार्च के बीच राजधानी में संक्रमण से मरने वालों के 97 प्रतिशत नमूनों में कोरोना वायरस का ओमिक्रॉन वैरिएंट पाया गया। लिए गए 578 नमूनों की जांच से पता चला कि उनमें से 560 में ओमिक्रॉन वैरिएंट के लक्षण थे। शेष 18 (तीन प्रतिशत) में डेल्टा सहित कोविड-19 के लक्षण थे।
मार्च में राजधानी में जीनोम सीक्वेंसिंग में सभी 504 नमूनों में ओमिक्रॉन वैरिएंट पाया गया। अब दिल्ली में एक बार फिर संक्रमण के मामलों में तेजी देखी जा रही है। विशेषज्ञों ने इसके लिए प्रमुख तौर पर लोगों की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है। कहा कि कोविड नियमों का पालन न करना संक्रमण को दावत दे रहा है।
मामलों में बढ़ोतरी को देखते हुए दिल्ली सरकार ने बुधवार को सार्वजनिक स्थानों पर मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया। इसका उल्लंघन करने वालों पर 500 रुपये का जुर्माना लगाने की बात भी कही है। अधिकारियों ने कहा कि दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने अपनी बैठक में स्कूलों को बंद नहीं करने का भी फैसला किया। लेकिन विशेषज्ञों के परामर्श से एक अलग मानक संचालन प्रक्रिया के साथ आने का फैसला किया।