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गुजरात के तीसरी पास सरगना ने गिरोह बनाकर ठगे थे 20 लाख

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ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट में बड़े नोट लेकर छोटे देने का झांसा देकर 20 लाख रुपये ठगने के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने गुजरात निवासी हर्षद उर्फ महेश और फिरोजाबाद निवासी पवन व अरविंद को गिरफ्तार किया है। हर्षद गौड़ सिटी व पवन-अरविंद ग्रेनो वेस्ट में रह रहे थे। इनमें तीसरी पास हर्षद गिरोह का सरगना है। पवन 10वीं व अरविंद 12वीं पास हैं। आरोपी 10 से 15 फीसदी तक कमीशन पर लालच देकर लोगों को ठगते थे। गिरोह से पुलिस ने 25 लाख रुपये और कार बरामद की है। गिरोह के अन्य आरोपी फरार हैं। आरोपियों ने ग्रेनो वेस्ट के अलावा बीटा-2 थाना क्षेत्र में भी 25 लाख रुपये ठगने की बात मानी है।
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एडिशनल डीसीपी इलामारन जी. ने बताया कि नोएडा सेक्टर-20 निवासी रोहित कुमार ने पिछले सप्ताह बिसरख कोतवाली में 20 लाख रुपये ठगे जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की जांच कोतवाली प्रभारी उमेश बहादुर सिंह को सौंपी गई थी। रोहित का आरोप था कि एक परिचित ने कुछ युवकों से मिलाया था। आरोपियों का कहना था कि वह 500 के बड़े नोट कमीशन पर लेकर छोटे नोट देते हैं। छोटे नोट बाहर भेजने में परेशानी होती है, इस कारण वह कमीशन पर बड़े नोट लेते हैं।
इसके बाद रोहित ने आरोपियों की बातों में आकर 28 मार्च को 80 हजार रुपये दे दिए। इसके बदले में आरोपियों ने तुरंत 88 हजार का भुगतान कर दिया। अगले दिन आरोपियों ने पांच लाख रुपये लेकर साढ़े पांच लाख रुपये दे दिए। इससे रोहित को आरोपियों पर विश्वास हो गया। वहीं, आरोपियों ने रोहित से कहा कि इस बार उन्हें अधिक रुपयों की जरूरत है। वे 15 फीसदी कमीशन देेंगे। इस कारण रोहित ने परिचित व करीबियों से बात कर 20 लाख रुपये के पांच-पांच सौ के नोट जुटाकर आरोपियों को दे दिए। आरोपी कार लेकर पहुंचे और नोटों का बैग कार में रखकर रोहित को कागज की गड्डियों से भरा बैग देकर फरार हो गए।
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25 लाख ठगी कर किया था समझौता
एडीसीपी ने बताया कि आरोपी लगभग एक साल से ठग रहे हैं। आरोपियों के अन्य साथियों के पकड़े जाने पर ये पता चलेगा कि कितने लोगों से ठगी कर चुके हैं। कुछ दिन पहले बीटा-2 थाना क्षेत्र में भी इसी तरह से 25 लाख रुपये की ठगी की गई थी, लेकिन आरोपियों ने बाद मेें पकड़े जाने के डर से समझौता कर लिया और पीड़ितों के रुपये लौटा दिए थे।
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