ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो प्राधिकरण ने गांवों और शहरों के विकास के लिए पिटारा खोलना शुरू कर दिया है। प्राधिकरण की ओर से सोमवार को करीब 28 करोड़ रुपये की राशि के टेंडर जारी कर दिए हैं। इनमें एसटीपी, गोलचक्कर व ग्रीन बेल्ट आदि का विकास किया जाएगा। जल्द ही टेंडर प्रक्रिया पूरी हो जाएगी और सेक्टरों व गांवों में विकास कार्य शुरू हो जाएंगे।
इस बार तीन साल तक रखरखाव की जिम्मेदारी दी जाएगी।
मुख्य कार्यपालक अधिकारी नरेंद्र भूषण ने बताया कि इस साल कैपिटल व इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। इसके लिए लगभग 1714 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है। इनमें गांवों में श्मशान घाट का शेड, बदलपुर व दादरी बाइपास व पेड़ पौधों का रख रखाव, तिलपता से इटैहरा 130 मीटर रोड पर सेट्रल वर्ज पर पेड़-पौधों और घास का रख रखाव करना होगा। ग्रेटर नोएडा के चल रहे चार एसटीपी को चलाने एवं उसका रखरखाव करने के लिए भी फर्म की तलाश की जा रही है।
सेक्टर इकोटेक-1,2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11 एवं आईटी सिटी टेक जोन वन एवं दो में समतलीकरण का कार्य कराया जाएगा। प्राधिकरण ने इस बार सबसे अधिक जोर शहर की हरियाली को बढ़ाने पर दिया है। सोमवार को करीब 28 करोड़ की राशि के टेंडर जारी कर दिए हैं। प्राधिकरण ने 2 मई तक एजेंसियों को टेंडर डालने की तिथि तय की है। सारी प्रक्रिया को पूरी करते हुए बरसात से पहले काम शुरू कराने का लक्ष्य दिया है। प्राधिकरण सेक्टर केपी-2 में पंचवटी पार्क, कालाग्राम एवं प्रोमोनेड पार्क में लगे पेड़ पौधे का रखरखाव करेगा। इस पर करीब डेढ़ करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।