टैक्टर परेड के लिए एकत्र किसान
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पुन्हाना। संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले किसानों ने जुरहेड़ा राजस्थान से धरनास्थल सुनेहड़ा बॉर्डर तक सैकड़ों ट्रैक्टरों के साथ 26 जनवरी को दिल्ली कूच को लेकर रिहर्सल किया। इसकी अगुवाई मौलाना अरसद मिलखेड़ा सहित अन्य किसान नेताओं ने की। सुनहेड़ा बॉर्डर पर 12 जनवरी से किसानों का धरना चल रहा है।
संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्य रमजान चौधरी ने बताया कि शनिवार को सैकड़ों ट्रैक्टर, बाइक और निजी वाहनों के साथ रिहर्सल किया गया है। उसके बाद धरनास्थल पर मौजूद हजारों किसानों को 26 जनवरी को होने वाली परेड के लिए समझाया गया। उन्होंने कहा कि बीजेपी पूंजीपतियों की सरकार है और किसानों को कॉरपोरेट घरानो का गुलाम बनाना चाहती है, जो किसान किसी भी सूरत में सहन नहीं करेगा। वक्ताओं ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चे के आह्वान पर 26 जनवरी को ट्रैक्टर परेड निकालकर ऐतिहासिक गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा। इस संबंध में मोर्च की प्रबंधन कमेटी की बैठक हुई और सभी तैयारियों की जिम्मेदारी बांटी गई है।
इस मौके पर उमर मौहम्मद पाड़ला, अरशद ऐडवोकेट ने कहा कि शुक्रवार को जो सिंघु बॉर्डर पर संदिग्ध युवक पकड़ा गया है, इससे साफ जाहिर होता है कि सरकार और प्रशासन पूरी तरह बौखलाएं हैं। पिछले दो महीने से शांतिपूर्ण तरह से चल रहे आंदोलन में असामाजिक तत्वों को घुसाकर आंदोलन को बदनाम करने की साजिश रची जा रही है। उन्होंने कहा सरकार कितने भी हथकंडे अपना ले, लेकिन देश का किसान तब तक धरना से नहीं उठेगा, जब तक तीनों काले कानूनों को वापस नहीं ले लिया जाता और एमएसपी की गारंटी नहीं दी जाती। इस मौके पर सिद्दीक अहमद मेव, रमजान चैधरी, मौलाना साबिर मजहरी आदि हजारो लोग मौजूद थे।
पुलिस का रहा इंतजाम
आज किसानों के ट्रैक्टर रिहर्सल को देखते हुए पुलिस ने पूरी तैयारी कर रखी थी। पुलिस ने आंसू गैस और वॉटर कैनन की मशीनें किसी भी प्रदर्शन को रोकने के लिए लगाई हुई थी। किसानों का रिहर्सल खत्म होने के बाद पुलिस अफसरों ने राहत की सांस ली।