ट्रैफिक पुलिस तलाश रही संभावनाएं, वनवे या यूटर्न व्यवस्था लागू करने पर विचार
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। बवाना तिराहे पर लोगों को जाम से निजात दिलाने के लिए ट्रैफिक पुलिस ने कवायद शुरू की है। यहां नरेला, औचंदी और बादली मार्ग से यातायात आता है। इससे रोजाना व्यस्त समय और दोपहर में वाहन चालक जाम से जूझते नजर आते हैं। इस समस्या से निजात पाने के लिए ट्रैफिक पुलिस वनवे या फिर यूटर्न व्यवस्था लागू करने पर विचार कर रही है। सड़क सुरक्षा व सुधार को लेकर काम करने वाली संस्था गुरु हनुमान सोसाइटी ऑफ भारत की ओर से भी ट्रैफिक पुलिस को सुझाव दिया गया है। इस पर जल्द फैसला लेने की उम्मीद है।
यूटर्न व्यवस्था
ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि कंझावला मोड़ क्षेत्र में बवाना मुख्य मार्ग के सैंट्रल वर्ज को स्थायी रूप से बंद कर कंझावला की ओर से आ रहे वाहनों को बाएं मोड़ा जाएगा। साथ ही, कंझावला मोड़ व बवाना मुख्य चौक (तिराहे) के बीच केवल कार-ऑटो आदि के यूटर्न लेने के व्यवस्था की जाएगी। भारी वाहनों को यूटर्न की इजाजत नहीं मिलेगी। बवाना मुख्य चौक (तिराहे) पर बादली-बवाना-नरेला मार्ग के सैंट्रल वर्ज को स्थायी रूप से बंद कर औचंदी की ओर से आ रहे वाहनों को भी बाएं मोड़ा जाएगा। बवाना मुख्य चौक (तिराहे) से नरेला की ओर हनुमान मंदिर के बीच यूटर्न बनेगा। बवाना औद्योगिक क्षेत्र प्रवेश और निकास क्षेत्र व बादली-बवाना मार्ग क्षेत्र को मिलाकर गोलचक्कर बनेगा जिससे वाहन सुरक्षित रूप से आवागमन कर सकेंगे। औचंदी की ओर से आ रहे वाहनों को बवाना मार्ग पर बाएं मुड़कर नरेला की ओर जाने या फिर यू-टर्न लेकर बादली की ओर जाने की सुविधा मिलेगी।
वनवे व्यवस्था
ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि आदिति महाविद्यालय क्षेत्र से सभी वाहन कंझावला मोड़ व बवाना मुख्य चौक (तिराहा) होते हुए नरेला की ओर एक ही दिशा में चलाए जाएंगे। कंझावला मार्ग व औचंदी मार्ग की ओर से आ रहे वाहनों के लिए बाएं मोड़ अनिवार्य रहेगा। बादली की ओर से आ रहे वाहन कंझावला या औचंदी की ओर निर्बाध रूप से बाएं मोड़ ले सकेंगे। बादली की ओर से आ रहे वाहन मुनक नहर पार कर नरेला की ओर जा सकेंगे। बादली, कंझावला, औचंदी आदि की ओर से आ रहे वाहन मुनक नहर के समीप बन रहे फ्लाईओवर (एक्सप्रेसवे) से दाएं मुड़कर बवाना औद्योगिक क्षेत्र होते हुए बादली-बवाना मार्ग पर आ सकेंगे। बवाना औद्योगिक क्षेत्र प्रवेश और निकास क्षेत्र व बादली-बवाना मार्ग क्षेत्र को मिलाकर गोलचक्कर बनाया जाएगा। वहीं बवाना-नरेला मार्ग पर मुनक नहर या फ्लाईओवर के पास भी गोल चक्कर बनाया जाए।