पर्यावरण मंत्री ने कहा- आज से प्रदूषण फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी
आपात हालात में प्रदूषण को कम करने के लिए कृत्रिम वर्षा कारगर उपाय
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2016 में मात्र 109 दिन थे साफ हवा के
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राजधानी में जनवरी से अक्तूबर तक 200 दिन ऐसे रहे जब लोगों ने साफ हवा में सांस ली। रविवार को प्रेसवार्ता में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़े साझा करते हुए पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि 2016 में ऐसे मात्र 109 दिन ही थे। सोमवार से प्रदूषण फैलाने वालों को किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी। अगर कोई धूल प्रदूषण फैलाएगा तो धूल रोधी अभियान के तहत सख्त कार्रवाई होगी।
गोपाल राय ने कहा कि पूरे उत्तर भारत और खासतौर से दिल्ली में सर्दी के मौसम में प्रदूषण होता है। पिछले साल भी जनवरी से 12 अक्तूबर तक 200 दिन ऐसे थे, जिनकी गिनती अच्छे दिनों में थी। सब मिलकर प्रयास करेंगे तो अच्छे दिनों की संख्या बढ़ सकती है। भाजपा नेता हर बार झूठ बोलते हैं कि दिल्ली में प्रदूषण बढ़ रहा है। वे एक बार केंद्रीय पर्यावरण मंत्री या सीपीसीबी से बात कर स्पष्ट कर लें कि आंकड़े सही हैं या नहीं।लोगों को यह अच्छे दिन इसलिए मिल रहे हैं, क्योंकि बारिश अधिक हुई। डस्ट, व्हीकल व बायोमास बर्निंग पॉल्यूशन को नियंत्रित करने में बारिश की अहम भूमिका है। जुलाई, अगस्त और सितंबर में लगातार एक्यूआई 50, 60, 70 या 80 के नीचे रहा। दिवाली के बाद पराली का धुआं प्रदूषण बढ़ाएगा। आपात हालात में प्रदूषण को कम करने के लिए कृत्रिम वर्षा कारगर उपाय हो सकती है।
दिल्ली ग्रीन एप करें शिकायत
गोपाल राय ने अपील की है कि जहां भी कोई प्रदूषण फैलाते मिले तो उसकी जानकारी दिल्ली ग्रीन एप पर करें। सभी लोग अपने मोबाइल में ग्रीन दिल्ली एप डाउनलोड कर लें और प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई में दिल्ली सरकार के सहयोगी बने। इस एप पर फोटो भी डाल सकते हैं। इसके बाद दिल्ली वार रूम के माध्यम से संबंधित विभाग से संपर्क कर समस्या का तत्काल समाधान कराया जाएगा।