युवती के अनुसार, दंपती ने युवती को फ्लैट के मालिकाना हक संबंधित कागज भी दिखाए। इससे उसे विश्वास हो गया और पीड़िता ने दंपती को स्वयं व मित्र और परिचितों से लेकर मार्च 2021 में 75 लाख रुपये दे दिए। जब कुमुद को फ्लैट नहीं मिले तो उसने रकम वापस मांग ली। इस पर दंपती ने 28 फरवरी को दो चेक दिए जिन्हें बैंक में जमा करने पर पता चला कि आरोपियों का बैंक खाता ब्लॉक है।
कानून मंत्रालय और दूतावास में पहुंच की दी धमकी
कुमुद का आरोप है कि आरोपियों से रुपये वापस मांगे तो दीक्षित ने कहा कि उसकी कानून मंत्रालय में पहचान है और उसने धमकी देकर रुपये देना से मना कर दिया। क्रिस्टीना से बात करने पर उसने भी दूतावास तक पहुंच होने की बात कहकर धमकी दी। पीड़िता ने आरोपियों के विदेश भागने की आशंका जताते हुए पुलिस कमिश्नर से शिकायत की थी। उनके निर्देश पर कासना थाने में दंपती समेत तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।