ग्रेटर नोएडा। नोएडा एयरपोर्ट से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन तक प्रस्तावित एक्सप्रेस मेट्रो कॉरिडोर पर न्यू अशोक नगर को इंटरचेंज स्टेशन बनाने की संभावना है। डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने से पहले इस पर मंथन किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि बॉटेनिकल गार्डन को इंटरचेंज स्टेशन बनाने की योजना नहीं है।
जेवर से नॉलेज पार्क-2 तक कॉरिडोर का पहला चरण होगा। इसके बाद नॉलेज पार्क-2 से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन तक दूसरा चरण होगा। पहले चरण के स्टेशनों की संख्या पहले सात रखने की योजना बनाई गई थी, लेकिन अब एक स्टेशन कम किया जाएगा। नॉलेज पार्क-2 से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन तक छह स्टेेशन होंगे। इनके नाम नोएडा सेक्टर-142, बॉटेनिकल गार्डन, न्यू अशोक नगर, यमुना बैंक के अलावा एक अन्य स्टेशन के चयन पर मंथन चल रहा है। इनमें से एक स्टेशन न्यू अशोक नगर को इंटरचेंज स्टेशन बनाने पर विचार किया जा रहा है। पूरा कॉरिडोर 72 किलोमीटर का होगा जिसमें 12 स्टेशन होंगे। यहां करीब 120 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से मेट्रो दौड़ाने की तैयारी है, ताकि जेवर से नई दिल्ली का सफर एक घंटे में तय हो सके।
करीब 12 से 15 हजार करोड़ खर्च होने की उम्मीद
एक्सप्रेस मेट्रो के निर्माण में करीब 12 से 15 हजार करोड़ रुपये खर्च होने की उम्मीद है। इसमें पहले चरण में जेवर से नॉलेज पार्क-2 तक ही करीब 6500 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके अलावा आगे की योजना को पूरा करने में और खर्च होने की उम्मीद है।
यमुना बैंक तक एलिवेटेड तो आगे भूमिगत होगा कॉरिडोर
जेवर से नॉलेज पार्क-2 होते हुए यमुना बैंक तक एलिवेटेड कॉरिडोर बनेगा। आगे जहां से दिल्ली में भूमिगत कॉरिडोर हैं, वहां से भूमिगत कॉरिडोर बनाने की योजना है। हालांकि, अभी यह पूरी तरह से तय नहीं है कि भूमिगत कॉरिडोर की सीमा कहां से शुरू होगी।
एयरपोर्ट से नॉलेज पार्क-2
पहला चरण नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से नॉलेज पार्क-2 तक का होगा। यह करीब 38 किलोमीटर लंबा होगा। इस कॉरिडोर पर सात स्टेशन होंगे। यह स्टेशन नॉलेज-पार्क-2, टेकजोन, सलारपुर अंडरपास, सेक्टर-18, सेक्टर-20, सेक्टर-28-29 और एयरपोर्ट प्रस्तावित किए गए हैं। इसमें एक स्टेशन घटेगा।
नॉलेज पार्क-2 से नई दिल्ली
दूसरा चरण नॉलेज पार्क-2 से नई दिल्ली तक होगा। इसे नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से गुजरने वाले एयरपोर्ट मेट्रो कॉरिडोर से जोड़ा जाएगा, ताकि यहां उतरकर लोग आईजीआई एयरपोर्ट तक आसानी से पहुंच सकें। कॉरिडोर पर छह स्टेशन होंगे। इसमें ग्रेटर नोएडा का नॉलेज पार्क-2, नोएडा का सेक्टर-142, बोटेनिकल गार्डन, न्यू अशोक नगर, यमुना बैंक सहित एक अन्य स्टेशन शामिल होगा। कॉरिडोर 34 किलोमीटर लंबा होगा।
31 मार्च तक तैयार होगी डीपीआर
यमुुुना प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक, फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार करने का जिम्मा दिल्ली मेट्रो रेल कारपोरेशन (डीएमआरसी) के पास है। 15 मार्च तक इसकी रिपोर्ट देनी है। इसके नए कॉरिडोर को बनाने के लिए जगह और संभावनाएं तलाश की जाएंगी। इसके अलावा सभी संभावनाओं पर विचार करते हुए 31 मार्च तक डीपीआर तैयार करेगी।