ग्रेटर नोएडा। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन (डीएफसीसी) जल्द ही नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और सूरजपुर-कासना रोड पर वेस्टर्न कॉरिडोर के ओवर ब्रिज के गर्डर रखने का काम शुरू करेगा। दीवाली तक दोनों ओवर ब्रिज तैयार करने का लक्ष्य है। गर्डर रखते समय एक्सप्रेसवे की एक साइड के साथ मेट्रो का संचालन बंद रहेगा। हालांकि, डीएफसीसी की नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) से बातचीत चल रही है, ताकि लोगों को कम से कम परेशानी हो। जिले में डीएफसीसी के वेस्टर्न कॉरिडोर का निर्माण चल रहा है। कॉरिडोर की लंबाई 17 किमी है। कॉरिडोर यमुना व हिंडन नदी, नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे, सूरजपुर-कासना मार्ग, 130 मीटर रोड को पार कर रहा है। यमुना और हिंडन नदी पर पुल का काम पूरा हो गया है।
लंबे समय से नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे और सूरजपुर-कासना रोड पर ओवर ब्रिज बनाने का काम चल रहा है, लेकिन कोरोना के कारण पूरा नहीं हो सका है। हालांकि, फाउंडेशन के साथ पिलर खड़े हो चुके हैं। गर्डर रखने का काम बाकी है। अफसरों ने बताया कि जल्द ही गर्डर रखे जाएंगे। दीवाली से पहले ओवर ब्रिज तैयार हो जाएंगे। गर्डर रखते समय एक्सप्रेसवे और सूरजपुर-कासना रोड की एक साइड को बंद रखा जाएगा। एक समय एक साइड को बंद कर काम किया जाएगा। उधर, नोएडा में कॉरिडोर एक ही स्थान पर एक्सप्रेसवे और मेट्रो लाइन को पार कर रहा है। यहां गर्डर रखते समय मेट्रो संचालन बंद किया जाएगा। मेट्रो लाइन के ऊपर रात में गर्डर रखने का प्रयास किया जाएगा, ताकि लोगों को परेशानी न हो। इस संबंध में एनएमआरसी से बातचीत चल रही है।
ओवर ब्रिज पर होंगे 30 से 40 गर्डर
एक्सप्रेसवे पर बन रहा ओवर ब्रिज करीब 250 मीटर लंबा और 15 मीटर चौड़ा है। इसमें 11 पिलर होंगे। यह जमीन से 11 मीटर ऊंचा है। यहां पर 30 से 40 गर्डर रखे जाएंगे। वहीं, सूरजपुर-कासना मार्ग पर आठ गर्डर रखे जाएंगे। गर्डर रखने के बाद वेस्टर्न कॉरिडोर का निर्माण काफी हद तक पूरा हो जाएगा।
नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर गर्डर रखते समय मेट्रो का संचालन बंद रहेगा। लोगों को असुविधा न हो, इस बात को ध्यान में रखकर काम किया जाएगा। दीवाली तक दोनों ओवर ब्रिज पर गर्डर का काम पूरा कर लिया जाएगा।
राजेंद्र सिंह, डिप्टी प्रोजेक्ट मैनेजर, डीएफसीसी