-2024-25 में 5 वर्षीय इंटीग्रेटेड बीबीए-एमबीए प्रोग्राम में आवेदन कर सकते हैं विद्यार्थी
-11 से 14 जुलाई तक उपलब्ध विकल्प के समय इंटीग्रेटेड प्रोग्राम का करना होगा चयन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ (आईपी) यूनिवर्सिटी में नए सत्र 2024-25 से पांच वर्षीय इंटीग्रेटेड बीबीए-एमबीए पाठ्यक्रम शुरू हो रहा है। एआईसीटीई की स्वीकृति से यह पाठ्यक्रम फिलहाल यूनिवर्सिटी से संबद्ध रोहिणी में ‘गीता रतन इंटरनेशल बिजनेस स्कूल’ में उपलब्ध है। इस पाठ्यक्रम में 60 सीटें हैं। नई शिक्षा नीति 2020 की सिफारिशों के अनुरूप इसकी अवधि पांच साल की होगी। दाखिले बीबीए (सीईटी कोड 125) के लिए आयोजित प्रवेश परीक्षा के आधार पर होंगे।
ऐसे में इस पाठ्यक्रम के शुरू होने से यहां दाखिला की इच्छा रखने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है। छात्र अब इंटीग्रेटेड बीबीए-एमबीए पाठ्यक्रम में आवेदन कर सकते हैं। इसे लेकर यूनिवर्सिटी ने पूरी तैयारी कर ली है। इसे लेकर छात्रों को जागरूक किया जा रहा है। साथ ही, छात्रों का भी इस ओर रुझान बढ़ रहा है। इसमें दाखिले के लिए काउंसलिंग के लिए पंजीकरण करने वाले बीबीए की सीईटी में उत्तीर्ण उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। बशर्ते उन्होंने एक हजार रुपये की काउंसलिंग भागीदारी फीस जमा कराई हो। इन उम्मीदवारों को बीबीए की दूसरे दौर की काउंसलिंग में भाग लेने का मौका मिलेगा। वह 11 जुलाई से 14 जुलाई तक उपलब्ध विकल्प चयन के समय इस इंटीग्रेटेड प्रोग्राम का चयन कर सकते हैं।
दाखिले के लिए फिर से प्रवेश परीक्षा नहीं देनी होगी
यूनिवर्सिटी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इसको करने के दो फायदे हैं। बीबीए और एमबीए करने में परंपरागत छह साल की जगह सिर्फ पांच साल लगेंगे। साथ ही, एमबीए में दाखिले के लिए फिर से प्रवेश परीक्षा का सामना नहीं करना पड़ेगा। यूनिवर्सिटी में नई शिक्षा नीति को पूरी तरह लागू होने पर ध्यान दिया जा रहा है। यह छात्रों के भविष्य के लिए अहम है। ऐसे में छात्र इन पाठ्यक्रमों को पढ़ सकते हैं। इस पाठ्यक्रम के संबंध में अगर छात्र विस्तृत रूप से जानना चाहते हैं तो वह यूनिवर्सिटी की अधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी ले सकते हैं।