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भारतीय महिला मित्र को बनाया था चीन के नागरिकों की ढाल

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ग्रेटर नोएडा (जेपी शर्मा)। नेपाल बॉर्डर पर जासूसी के शक में चीन के दो नागरिकों की गिरफ्तारी के बाद मामले में लगातार चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। गुरुग्राम से गिरफ्तार चीन के नागरिक जू फाई ने अपनी भारतीय महिला मित्र नगालैंड निवासी पेटेखे रेनुओ को अवैध रुप से भारत आने वाले चीन के नागरिकों की ढाल बना दिया था। नेपाल बॉर्डर के पास गिरफ्तार किए गए लु लैंग और यूं हेलंग को पेटेखे रेनुओ ही टैक्सी से सीमा तक ले गई थी। उसने ही दोनों को गौतमबुद्ध नगर, दिल्ली और अन्य शहरों में घुमाया था। स्थानीय खुफिया विभाग ने इस मामले की रिपोर्ट आला अधिकारियों को भी भेजी है।
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सशस्त्र सीमा बल द्वारा नेपाल बॉर्डर पर 11 जून को पकड़े गए लु लैंग और यूं हेलंग से पूछताछ के बाद गौतमबुद्घ नगर पुलिस हरकत में आई थी। बीटा-2 थाना पुलिस ने जू फाई और पेटेखे रेनुओ को गुरुग्राम के पांच सितारा होटल से गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की थी। वहीं खुफिया विभाग व अन्य एजेंसियों ने भी मामले में जांच और पूछताछ की। खुफिया विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, जू फाई ने पूछताछ में कबूल किया था कि लु लैंग और यूं हेलंग को उसने ही बुलाया था।
वहीं पेटेखे रेनुओ ने बताया कि वह एक साल से जू फाई के साथ रह रही थी। चीन से जू फाई के दो साथी भारत आए थे। दोनों को पेटेखे रेनुओ ने ही गौतमबुद्घ नगर व अन्य शहरों में घुमाया था। उसी ने कई और फर्जी आधार कार्ड व वोटर कार्ड तैयार कराए थे। इनका इस्तेमाल चीन के नागरिकों को भारत में पुलिस की नजर में आने से बचाने के लिए किया जाता था। पेटेखे रेनुओ चीनी नागरिकों को अपना परिचित रिश्तेदार बताकर साथ घुमाती थी।
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पेटेखे रेनुओ की आईडी पर लिए गए सिम कार्ड
पूछताछ में आरोपियों ने यह बताया कि अवैध रुप से भारत में रहने वाले वाले चीन के नागरिकों को पेटेखे रेनुओ के पहचान पत्र ही सिम कार्ड खरीदकर दिलाए गए थे। विदेशी नागरिक जिस सिमकार्ड का इस्तेमाल करते थे उसकी गहनता से जांच की जा रही है। यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि उससे किससे संपर्क किया गया।
आयात शुल्क फर्जीवाड़ा और हनी ट्रैप के मिल रहे साक्ष्य
अब तक की जांच में जूते, घड़ी आदि कीमती सामान की बरामदगी हुई है। इसे आयात शुल्क फर्जीवाड़ा के साक्ष्य के रूप में देखा जा रहा है। वहीं, भारतीय महिला मित्र को देश की सुरक्षा से खिलवाड़ करने की गतिविधियों में इस्तेमाल करने से हनी ट्रैप की पुष्टि हो रही है। लेकिन जासूसी की पुष्टि के लिए गहनता से जांच चल रही है।
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