सीटीईटी पेपर सॉल्वर गिरोह का भंडाफोड़
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केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सीटीईटी) देने के लिए आईं पांच महिला अभ्यर्थियों को जब पुलिस ने गिरफ्तार किया तो उन्होंने कहा कि करिअर बनाने की चाह में सॉल्वर गिरोह के चक्कर में फंसकर जीवन बर्बाद कर लिया। अगर खुद परीक्षा देतीं तो पास तो ही जातीं। हालांकि, पेपर में नंबर कम आते, लेकिन सॉल्वर गिरोह के जरिये अच्छे अंक आ जाते। संध्या व शैली ने बताया कि गिरोह सरगना विनय दहिया प्रश्न पत्र लीक कराता है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गिरोह के सदस्य लीक प्रश्न पत्र को व्हाटसएप पर नहीं देते थे, बल्कि उसे पेन ड्राइव में रखकर लैपटॉप के जरिये अभ्यर्थियों को जवाब रटवाते थे। करीब दो घंटे तक अभ्यर्थियों की तैयारी कराकर पैसे लेकर चले जाते थे। पेपर में आने वाले सवालों को देखने पर अभ्यर्थियों को उत्तर याद आ जाता था।
एक साल में आठ केस, 21 लोग गिरफ्तार
सेक्टर-62 स्थित परीक्षा केंद्र सॉल्वर गिरोह के पकड़े जाने के एक साल में आठ मामले सामने आए हैं। इनमें 21 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं और 15 से अधिक लोग फरार हैं। इनमें हरियाणा निवासी इनकम टैक्स का एक इंस्पेक्टर भी जेल जा चुका है। केंद्र सरकार व परीक्षा आयोजित कराने वाले विभागों को भी इस बारे में सूचित कर दिया गया है जो एजेंसी पेपर दिला रही हैं उसे लेकर भी पुलिस अधिकारियों ने संदेह जताया है।
जिसका जितना अपराध, उतनी ही धाराएं
सॉल्वर गिरोह के सदस्यों पर अलग-अलग धाराएं लगाई गई हैं, जबकि परीक्षार्थियों और उनके संबंधियों पर गंभीर धाराएं नहीं लगाई जाएंगी। इसमें जिस व्यक्ति का जितना अपराध है उसी के अनुसार धाराएं लगाई गई हैं।-रजनीश वर्मा, एसीपी नोएडा जोन।