-दिल्ली विश्वविद्यालय ने जारी की कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा इंतजामों पर गाइड लाइन
-निर्देश, पुलिस की एनओसी के बिना नहीं होगा कोई भी आयोजन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के कॉलेजों में होने वाले सांस्कृतिक समारोह व फेस्ट को लेकर प्रॉक्टर कार्यालय ने सुरक्षा को देखते हुए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। कॉलेजों में अगले माह से समारोह शुरू हो जाएंगे। ऐसे में जारी निर्देश में कहा है कि किसी भी आयोजन की जिम्मेदारी कॉलेज व विभाग के अधिकारियों की होगी। कॉलेज में किसी भी बड़े आयोजन से पहले, जहां बाहरी छात्रों को आमंत्रित किया जाता है, वहां सुरक्षा के जिम्मेदार सभी हितधारक होंगे। इसमें आयोजन से पहले अग्निशमन, पुलिस, बिजली, कॉलेज व विश्वविद्यालय सुरक्षा, कॉलेज प्रतिनिधि, इवेंट मैनेजमेंट कंपनी के साथ अग्रिम सुरक्षा संपर्क (एएसएल) बैठक आयोजित करनी जरूरी है। यही नहीं पुलिस की एनओसी के बिना ऐसा कोई भी आयोजन नहीं किया जाएगा।
निर्देशों में बताया गया कि विभिन्न स्थानों की क्षमता की जानकारी मैप करनी होगी और प्रतिभागियों की कुल संख्या उपलब्ध स्थान के अनुसार होनी चाहिए। वहीं, कॉलेज की दीवारों पर कंसर्टिना तार लगाना व ऊंचा करना जरूरी है। कॉलेज में कई गेट होने और सभी गेटों पर उचित सीसीटीवी निगरानी होनी चाहिए। सभी गेटों पर एक केंद्रीयकृत सार्वजनिक घोषणा प्रणाली होनी चाहिए। प्रत्येक संस्थान में महिलाओं के शौचालय व चेंजिंग रूम के बाहर उचित सुरक्षा व्यवस्था और सीसीटीवी कैमरे भी होने चाहिए। प्रॉक्टर कार्यालय से जारी निर्देशों में कहा है कि अगर निर्देशों में किसी का भी पालन नहीं किया जाता है तो संबंधित कॉलेज व विभाग द्वारा आयोजित किसी भी कार्यक्रम के दौरान किसी भी अप्रिय घटना के लिए संबंधित कॉलेज व विभाग पूरी तरह से जिम्मेदार होगा। बता दें, बीते वर्ष इंद्रप्रस्थ कॉलेज फॉर विमन में फेस्टिवल के दौरान हंगामा हो गया था, जहां बाहरी युवा कॉलेज परिसर में प्रवेश कर गए थे।