सोमवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह की उपस्थिति में एकेटीयू व
लखनऊ। डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (एकेटीयू) के इनोवेशन हब में पंजीकृत स्टार्टअप अब सेंट्रल ड्रग रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीडीआरआई) में अपने शोध का क्लीनिकल ट्रायल कर सकेंगे। उन्हें सीडीआरआई के विशेषज्ञों का मार्गदर्शन भी मिलेगा। इसके लिए सोमवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह की उपस्थिति में एकेटीयू व सीडीआरआई के बीच एमओयू हुआ था। एकेटीयू के कुलपति प्रो. जेपी पांडेय ने बताया कि दोनों संस्थानों के बीच हुए एमओयू का फायदा फार्मा के क्षेत्र में काम कर रहे स्टार्टअप को मिलेगा। क्लीनिकल ट्रायल की सुविधा सीडीआरआई सहित कुछ गिने चुने संस्थानों में ही है। संस्थान में बायोटेक्नोलॉजी लैब सहित अन्य कई उच्च क्षमता वाली लैब हैं। इसके अलावा स्टार्टअप को सीडीआरआई के विशेषज्ञ मेंटरिंग सहायता भी प्रदान करेंगे।
एकेटीयू में 17 सितंबर को क्षय रोगियों को गोद लिया जाएगा। इसके लिए विश्वविद्यालय में सुबह 11 बजे से कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। इसमें क्षय रोगियों को गोद लेने के साथ ही पोषण की पोटली का वितरण भी किया जाएगा।