सीएम ने कहा - डेढ़ साल के भीतर सभी सार्वजनिक बसों को ई-वाहनों में बदला जाएगा
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21 रूटों पर दौड़ेंगी ई-बसें
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ईस्ट विनोद नगर बस डिपो से डीटीसी की 300 देवी बसों को हरी झंडी दिखाई। इन ई-बसों के रूट तय करने के लिए आईआईटी दिल्ली की सहायता ली गई है ताकि बॉर्डर एरिया से लेकर हर क्षेत्र के अंतिम छोर तक बसों की पहुंच बन सके।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यमुनापार को यह सौगात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर मनाए जा रहे सेवा पखवाड़े के तहत मिली है। हमारी सरकार ग्रीन दिल्ली-क्लीन दिल्ली का लक्ष्य पूरा करने के लिए साफ-सुथरी, सस्ती और सुलभ परिवहन व्यवस्था देने को प्रतिबद्ध है। रूटों को आईआईटी दिल्ली ने युक्तिसंगत बनाया है। अब यात्रियों की उपलब्धता के आधार पर बसों को चलाया जाएगा। अब न जनता को परेशानी होगी और न ही डीटीसी को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। सरकार का लक्ष्य है कि डेढ़ साल के भीतर दिल्ली की सभी सार्वजनिक परिवहन बसों को ई-वाहनों में बदल दिया जाए। ई-बसें चलने से प्रदूषण में बेहद कमी आएगी और पूरा शहर ग्रीन एनर्जी से संचालित होगा। मुख्यमंत्री ने पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बीते ग्यारह साल के भ्रष्टाचार और लापरवाही को सुधारने में थोड़ा तो वक्त लगेगा। हम हर हाल में राजधानी को विकसित दिल्ली बनाकर रहेंगे। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा, परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह, विधायक रविन्द्र नेगी, रविकांत, दिल्ली परिवहन निगम के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
पिछली आप सरकार को घेरा
केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि डबल इंजन की सरकार में राजधानी के सभी विधानसभा क्षेत्रों और वार्डों में विकास कार्य तेजी से हो रहे हैं जबकि आप सरकार व उनके विधायकों तक ने अपने क्षेत्रों के विकास के लिए भी कुछ भी काम नहीं किया। जनता की मूलभूत सुविधाओं के लिए भी विकास का कोई काम नहीं हुआ।
625 बस स्टॉप से होकर गुजरेंगी
परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि यमुनापार के लोगों को 300 ई-बसों की जरूरी व प्रभावी सुविधा दी गई है। हमारे लिए सौभाग्य की बात है कि ट्रांस-यमुना क्षेत्र से पहली बार युक्तिसंगत रूटों का उद्घाटन हुआ है। इस प्रक्रिया के तहत ट्रांस-यमुना क्षेत्र में करीब 21 नए रूट बनाए गए हैं। बसें 625 बस स्टॉप से होकर गुजरेंगी। रूट रेशनलाइजेशन की शुरुआत हमारी सरकार ने पहली बार की है और हम आपको विश्वास दिलाते हैं कि पूरी दिल्ली में रूट रेशनलाइजेशन को सही तरीके से लागू करने के लिए विस्तृत रूप से अध्ययन का काम जारी है।
जनता के करोड़ों रुपये बचाए गए
लोक निर्माण विभाग मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि इस नंदनगरी फ्लाईओवर के उद्घाटन से दिल्ली की जनता के करोड़ों रुपये बचाए गए हैं, क्योंकि सरकार बड़े-बड़े विज्ञापनों पर विश्वास नहीं बल्कि जमीन पर हो रहे वास्तविक कार्यों पर भरोसा करती है। यह परियोजना केवल 27 पेड़ों के कारण 1 वर्ष 4 माह तक अटकी रही। इसके समाधान के लिए वर्तमान दिल्ली सरकार ने अनुमति प्रक्रिया का नियमित रूप से पालन किया और सुनिश्चित किया कि फ्लाईओवर जल्द जनता के लिए तैयार हो। यह पहली बार है जब केंद्र सरकार, दिल्ली सरकार और निगम मिलकर साथ काम कर रहे हैं। काम दिखाना ही हमारा सबसे बड़ा विज्ञापन है।