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ग्रेनो में 13 बिल्डरों-ठेकेदारों पर 10 लाख का जुर्माना

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सूरजपुर की साइट बी स्थित औद्योगिक क्षेत्र में फैक्ट्री से निकलता धुआं। संवाद - फोटो : Grnoida
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ग्रेटर नोएडा। बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए प्राधिकरण ने चार दिनों के लिए सभी तरह के निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी है। इसका उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जा रहा है। इसी कड़ी में प्राधिकरण ने दो दिनों में 13 ठेकेदारों व बिल्डरों पर करीब 10 लाख का जुर्माना लगाया है।
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सीईओ नरेंद्र भूषण के निर्देश पर एसीईओ दीपचंद्र ने कार्यालय आदेश जारी कर शहर में सभी तरह के निर्माण कार्यों पर चार दिनों के लिए रोक लगा दी थी। इसकी निगरानी की जिम्मेदारी जन स्वास्थ्य विभाग के साथ ही सभी वर्क सर्किल को भी दी गई। प्राधिकरण के वरिष्ठ प्रबंधक जन स्वास्थ्य सलिल यादव ने बताया कि बुधवार और बृहस्पतिवार को 13 बिल्डरों व ठेकेदारों व अन्य पर 9.95 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। सभी जगह प्रदूषण रोकने के उपाय नहीं किए गए थे।
वहीं, शहर के प्रोजेक्टों पर काम कर रहे ठेकेदारों पर एनजीटी के नियमों का पालन नहीं करने पर भी पेनाल्टी लगाई गई। सीईओ नरेंद्र भूषण ने सभी लोगों से प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए कूड़ा न जलाने, घरेलू वेस्ट से खाद बनाने और आसपास अधिक से अधिक पौधे लगाने की अपील की है।
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नाम जुर्माना (रुपये में)
मोनी कंस्ट्रक्शन 25 हजार
एसआरएस रियल एस्टेट 50 हजार
कैपिटल एथेना 5 लाख
एसएचएस मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट 1 लाख
एसकेवी 50 हजार
एनकेजी इंफ्रास्ट्रक्चर 25 हजार
हाइयर सेकेंडरी स्कूल 25 हजार
एसबीएसटी डेवलपर 20 हजार
जय शिवशंकर कंस्ट्रक्शन 25 हजार
नवदुर्गा बिल्डकॉम 25 हजार
फुजीयामा पावर सिस्टम 50 हजार
वीडियोटेक्स इंटरनेशनल 50 हजार
लिशा इंजीनियर्स 50 हजार
कुल 9.95 लाख
नोएडा में 22 स्थानों कार्रवाई, 2.75 लाख जुर्माना
प्राधिकरण ने शहर में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) के नियमों का उल्लंघन करने पर वर्क सर्किल 2, 4, 5, 6, 8, 9, 10 में जल विभाग के निर्माण कार्य में नियमों की अवहेलना करने पर 22 स्थानों पर 2.75 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। तीन स्थानों पर धूल उड़ती मिली तो एक जगह पर निर्माण सामग्री खुले में रखी थी, जबकि एक स्थान पर निर्माण कार्य चल रहा था। वहीं, विभिन्न स्थानों से कुल 568 टन मलबा भी उठाया गया। जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से 67 मार्गों पर 243 किमी लंबाई में मेकैनिकल स्वीपिंग मशीनों से सफाई भी कराई गई।
यूपीसीडा क्षेत्र में 25.75 लाख का जुर्माना
क्षेत्रीय प्रदूषण अधिकारी भुवन यादव ने बताया है कि विभिन्न औद्योगिक सेक्टरों समेत आवासीय सेक्टरों में कुल 29 स्थानों पर जांच की गई। इस दौरान यूपी औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीसीडा) के औद्योगिक क्षेत्र स्थित तीन इकाइयों पर जुर्माना लगाया गया। कूड़ा फैलाने के मामले में दो इकाइयों पर 75 हजार व प्रदूषण मानकों का उल्लंघन करने वाली एक कंपनी पर 25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
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