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बढ़ई की जरूरत ने दिया स्टार्टअप का आइडिया, करोड़ों में पहुंचा टर्नओवर

Sun, 19 Jun 2016 03:14 PM IST
शाहनवाज आलम/अमर उजाला, फरीदाबाद
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'आवश्यकता ही अविष्कार की जननी है' इस कहावत को तीन दोस्तों के  स्टार्टअप ने साबित किया है। बढ़ई की जरूरत ने  स्टार्टअप के  आइडिया को जन्म दिया। सवा साल पहले शुरू किया गया स्टार्टअप 'अर्बन क्लैप' अब करोड़ों के टर्नओवर में पहुंच गया है। करीब 30 हजार सेवा प्रदाता इससे जुड़े हैं, और हर दिन 5 हजार से अधिक लोगों को अपने प्लेटफार्म के जरिए सेवा देते हैं।
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'अर्बन क्लैप' के संस्थापक व सीईओ अभिराज बहल बताते हैं कि दिल्ली में घर सेटअप करते वक्त एक बढ़ई की जरूरत हुई। ऑनलाइन नंबर निकालकर दो लोगों को कॉल किया, लेकिन दोनों नहीं आए।

तीसरे को कॉल किया, लेकिन वो कुछ लेकर नहीं आया। इसके बाद से ही इस असंगठित क्षेत्र को तकनीक के जरिए संगठित कर स्टार्टअप शुरू करने का आइडिया आया और नवंबर 2014 में इसकी स्थापना की।
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तीन दोस्त अभिराज बहल, वरुण खेतान और राघव चंद्रा ने 30 लाख रुपये की लागत के साथ गुड़गांव से इसकी शुरुआत की। शुरुआत में अलग-अलग क्षेत्रों के 500 लोगों से बातकर 50 लोगों का चयन  करके इस प्लेटफार्म को लांच किया गया। उम्मीद थी कि यह बिजनेस आइडिया चल निकलेगा, वक्त के साथ ऐसा ही हुआ।

लोगों ने इसे हाथोंहाथ लिया। गुड़गांव के बाद दक्षिणी दिल्ली, दिल्ली और फिर एनसीआर के अन्य शहरों में पहुंचा। अभी एनसीआर के अलावा चेन्नई, बंगलूरू, मुंबई, पुणे, हैदराबाद जैसे शहरों में अपने स्टार्टअप का विस्तार किया है।
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क्या है बिजनेस मॉडल

- फोटो : अमर उजाला
अभिराज बताते हैं कि पूरा बिजनेस मॉडल कमीशन आधारित है। जो लोग 'अर्बन क्लैपÓ के जरिए सेवा देते हैं। उनसे एक कमीशन तय होता है, जो उन्हें कंपनी को देनी होती है। यह कमीशन 5 से 20 फीसदी तक है। यही कंपनी के आमदनी का जरिया है।

तीनों दोस्त हो चुके हैं फेल
तीनों दोस्त इंजीनियरिंग व मैनेजमेंट की पढ़ाई करके मल्टीनेशनल कंपनी में काम करते थे। कंपनी छोड़कर पहले एक बिजनेस शुरू किया, लेकिन वो फेल हो गया। आईआईटी कानपुर के दोनों दोस्त अभिराज व वरुण ने सिनेमाबॉक्स नाम से एक बिजनेस शुरू किया था, लेकिन वो फेल हो गया। वहीं, राघव ने बग्गी डॉट इन नाम से बिजनेस शुरू किया था, वो भी फेल हो गया। फेल के इस अनुभव के बाद रोजगार और काम शुरू करने की जद्दोजहद के साथ संघर्ष चल रहा था।

अभी क्या है स्थिति
अभिराज बताते हैं कि सेवा प्रदाताओं सहित कंपनी की महीने की कुल आमदनी करीब 40 करोड़ रुपये हैं। अलग-अलग सेवा प्रदाताओं से मिलने वाली 5 से 20 फीसदी कमीशन कंपनी का असली राजस्व है। अभी कंपनी का विस्तार करने के लिए 3.7 करोड़ डॉलर रुपये फंड इकट्ठा किया गया है। जिससे आने वाले वक्त में कंपनी का विस्तार दूसरे शहरों में किया जा सके।

क्या करता है 'अर्बन क्लैप'
यह तकनीकी प्लेटफार्म 80 से अधिक सेवाओं के लिए प्रोफेशनल मुहैया कराता है। शुरुआत में केवल योग ट्रेनर, वेडिंग फोटोग्राफर और ब्यूटीशियन की सेवा देता था। अब बढ़ई, प्लंबर, इलेक्ट्रीशियन, पेस्ट कंट्रोल, क्लीनिंग प्रोफेशनल्स, शिक्षक समेत कई सेवा मुहैया करा रहा है। 
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