स्पेशल सेल डीसीपी मनीषी चंद्रा के अनुसार आपराधिक प्रवृति का संदीप बिश्रोई उर्फ सेठी अपने 10-15 साथियों के साथ हत्या के मामले में नागौर कोर्ट में पेशी के लिए 19 सिंतबर, 2022 को गया था। तभी हथियारों से लैस छह बदमाश वहां पहुंचे और संदीप पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इसमें संदीप की मौत हो गई थी और उसके चार साथी घायल हो गए थे। पंजाब के बंबीहा गिरोह ने इस शूटआउट की जिम्मेदारी ली थी।
बाद में दीप्ति गिरोह ने इस शूटआउट की जिम्मेदारी ली। इस गिरोह में रंजिश वर्ष 2007 में उस समय शुरू हुई थी जब हिसार, स्थित जाट कॉलेज में संदीप बिश्रोई व दीपक के दोस्त संदीप गोदारा के बीच मारपीट हुई थी। इन गिरोह के गैंगवार में अभी तक काफी लोगों की जान जा चुकी है।
स्पेशल सेल में तैनात एसीपी विक्रम राहुल की देखरेख में इंस्पेक्टर दलीप, इंस्पेक्टर विक्रम दहिया व निशांत की टीम बदमाशों की तलाश कर रही थी। राजस्थान पुलिस ने कुछ आरोपियों को पकड़ लिया था। बाकी आरोपी फरार थे। इस टीम ने दीपक उर्फ दीप्ति को मजनू का टीला से गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद गांव सिसवाल, हिसार हरियाणा निवासी अनूप दावा, नाबालिग, गांव धानोदा, जींद हरियाणा निवासी जय भगवान सिंह उर्फ धोल्ला और गांव किनोनी बरवाला मुजफ्फरनगर यूपी निवासी अक्षय बालियान उर्फ सचिन को पकड़ लिया।