लाजपत नगर के सेंट्रल मार्केट में लगे एयर प्यूरीफायर के बाद यह दूसरा प्यूरीफायर होगा जो आसपास के लोगों पर प्रभाव डालेगा। सिर्फ चौक चौराहों पर प्ले कार्ड के साथ लोगों को खड़ा करने से प्रदूषण का समाधान नहीं होगा। यह बात पूर्वी दिल्ली से सांसद गौतम गंभीर ने गुरुवार को गांधीनगर में स्मॉग टावर के उद्घाटन के दौरान कही। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता समेत अन्य नेता व अधिकारी भी मौजूद थे।
गौतम गंभीर ने कहा कि खुद के प्रचार और प्रसार के लिए मुख्यमंत्री केजरीवाल करोड़ों रुपये खर्च करते हैं, लेकिन उस राशि का उपयोग स्प्रिंकलर मशीन या कृत्रिम बारिश के लिए नहीं करते हैं। यही वजह है कि उन्होंने अभी तक प्रदूषण से लड़ने के नए तरीके खोजने के लिए किसी पर्यावरण निकाय से परामर्श करने की भी जहमत नहीं उठाई है।
गंभीर ने कहा कि वायु गुणवत्ता को सही करने के लिए मुख्यमंत्री केजरीवाल पूरी तरह से काम नहीं करते हैं, लेकिन त्योहारों पर प्रतिबंध लगा देते हैं। यही वजह है कि पटाखे व्यापारियों की रोजी रोटी भी छीन ली गई है। महामारी के समय इससे दुकानदारों और व्यापारियों को बहुत नुकसान हुआ है। ऐसे में केजरीवाल सरकार को शुरू से ही अपनी नीति को स्पष्ट करना चाहिए था।
गंभीर ने कहा कि आम आदमी पार्टी निगम को सौंपने के लिए कह रहे हैं। इसके बजाय दिल्ली सरकार को उन्हें हमें सौंप देना चाहिए। वहीं, दिल्ली भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण का स्तर बद से बदतर होता जा रहा है। ऐसे में यह प्यूरीफायर हवा को स्वच्छ करने का काम कर इलाके में प्रदूषण को कम करने में मदद करेगा।
उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार को गौतम गंभीर के इस कदम से सीख लेनी चाहिए। आदेश गुप्ता ने कहा कि केजरीवाल ने दावा किया था कि दिल्ली के प्रत्येक वार्ड में स्मॉग टावर लगाए जाएंगे, लेकिन अभी तक इस दिशा में कोई भी कार्य शुरू नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार के पास 1087 करोड़ रुपये का ग्रीन सेस है, लेकिन केजरीवाल सरकार इसे प्रदूषण नियंत्रण के लिए खर्च करने के बजाय प्रचार पर खर्च करना जरूरी समझती है।