गर्मियों में बिजली सप्लाई सुधारने के लिए पावर कारपोरेशन ने 200 से ज्यादा पावर स्टेशनों का विभाजन करने का निर्णय लिया है। संभाग के तीनों जिलों में इस व्यवस्था से लोगों को लो वाल्टेज से निजात मिलेगी।
150 लोड वाले 11 केवीए के पावर स्टेशनों में एक्सट्रा फीडर बनाने के लिए मई से एस्टीमेट बनाने का काम शुरू होगा और 10 मई से इनका निर्माण शुरू हो जाएगा।
जर्जर संसाधनों के चलते बिजली की सुचारु सप्लाई संभव नहीं हो पाती है। ज्यादातर पावर स्टेशन ओवरलोड चल रहे हैं। पावर कारपोरेशन के चेयरमैन संजय अग्रवाल ने पिछले सप्ताह पीवीवीएनएल के अधिकारियों की बैठक में जर्जर संसाधनों में सुधार के आदेश दिए थे।
सबसे पहला काम पावर स्टेशनों को लो वोल्टेज मुक्त करना है। इसके लिए 150 मानक से ज्यादा लोड लेने वाले फीडर को दो भागों में विभाजित किया जाएगा। इसके लिए गाजियाबाद में 70, बुलंदशहर में 85 और हापुड़ में 45 फीडर पहले चरण में विभाजित करने का लक्ष्य रखा गया है।