जाट आरक्षण से उत्पन्न परिस्थितियों को देखते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने मोर्चा संभाल लिया है।
रविवार को सेक्टर-14 स्थित कम्युनिटी सेंटर में आयोजित सामाजिक समरसता बैठक में आंदोलन को संभालने की रणनीति बनाई गई।
आरएसएस के प्रांत कार्यवाह डॉ. देवप्रसाद भारद्वाज ने कहा कि देश की एकता, अखंडता, सामाजिक सद्भाव और समरसता को बनाए रखना हर व्यक्ति का कर्तव्य है।
उन्होंने कहा कि संयम, समझदारी और सौहार्द के साथ सभी समस्याएं आपस में मिल बैठकर सुलझाई जा सकती हैं। पूर्व सांसद रामचंद बैंदा ने कहा कि हम सभी भारतमाता की संतान होने के नाते भाई-भाई है।
मतभेद हो सकते है, परंतु मनभेद नहीं होना चाहिए। उन्होंने लोगों को अफवाहों व अप्रमाणिक सूचनाओं पर ध्यान न देने की अपील की। भाजपा के प्रदेश सचिव सुरेंद्र तेवतिया ने कहा कि प्रदेश का सामाजिक ताना बाना न बिगड़े, इसके लिए सभी को ध्यान रखना चाहिए।
इस मौके पर सभी सदस्यों ने शपथ ली कि किसी कीमत में सामाजिक सौहार्द नहीं बिगड़ने दिया जाएगा। बैठक को विभाग संघचालक जमनाप्रसाद, विभाग कार्यवाह गंगाशंकर मिश्र, महानगर संघचालक डॉ. अरविंद सूद, पूर्व संघचालक अजीत जैन ने भी संबोधित किया।