सार्वजनिक स्थान पर बैनर या पोस्टर लगाकर राजधानी को बदरंग किया तो खैर नहीं। यह कहना है पुलिस अधिकारियों का। पुलिस ने हाल ही में ऐसे 841 लोगों के खिलाफ ‘देहली प्रिवेंशन डिफेसमेंट ऑफ प्रॉपर्टी’ एक्ट 2007 के तहत मामला दर्ज किया है।
एक्ट के तहत राजधानी को गंदा करने वाले लोगों को छह माह की जेल या एक हजार से अधिक का जुर्माना या दोनों ही देना होगा। पुलिस अधिकारियों की मानें तो विधानसभा भंग होने के बाद पोस्टरबाजी को देखते हुए ऐसे लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया जा रहा है।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि विधानसभा भंग होने के बाद राजधानी में पोस्टरबाजी और बैनर लगाने की होड़ लगी हुई है। जगह-जगह सार्वजनिक स्थानों पर नेताओं और अन्य लोगों पोस्टर लगे हुए हैं। कई जगहों पर तो ट्रैफिक सिग्नल या दिशा संबंधी बोर्ड को इन पोस्टरों से ढक दिया गया है।
ऐसे में सभी पुलिसकर्मियों को एक्ट के तहत हिदायत दी गई है कि किसी को अगर इस तरह कोई मामला दिखे तो वह खुद इसको संज्ञान में लेते हुए उसकी फोटो खींचकर थाने में रपट लिख सकता है। एक्ट के तहत पोस्टर लगवाने वाले या जिनके उसमें नाम हैं उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज हो सकता है। हालांकि यह अपराध जमानती है, लेकिन इसमें छह माह की सजा और जुर्माने का प्रावधान है। पुलिस प्रवक्ता राजन भगत ने बताया कि पुलिस साल भर इस तरह के मामले दर्ज करती रहती है।