अर्चना परिवार के साथ दुर्गा मंदिर वाली गली, सुशीला गार्डन में रहती थी। इसके परिवार में पति योगेश कुमार के अलावा करीब पौने तीन माह के जुड़वां बेटा व बेटी हैं। दोनों की शादी को सात साल से अधिक का समय हो गया है। अर्चना पहले आंगनबाड़ी का काम करती थी, लेकिन बाद में उसने दुर्गापुरी चौक पर अपनी प्लेसमेंट एजेंसी खोल ली थी। वहीं योगेश अशोक नगर इलाके में साइबर कैफे चलाता है।
रविवार रात को उसने पुलिस को खबर दी कि उसने पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी है। पुलिस खबर मिलते ही उसके घर पर पहुंची। मकान की दूसरी मंजिल पहुंचने पर जमीन पर अर्चना का शव पड़ा था। उसके गले में चुन्नी का फंदा लगा हुआ था। योगेश भी वहीं मौजूद था। पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान उसने बताया कि झगड़ा होने के बाद उसने पहले पत्नी का गला दबाया। बाद में चुन्नी से उसका गला घोंटकर हत्या कर दी। आरोपी ने बताया कि उसकी पत्नी ने बेरोजगार लोगों से नौकरी लगवाने के नाम पर करोड़ों रुपये ले लिए थे। इसके बाद लोग रोजाना ही उसके घर आकर हंगामा करते थे। इससे परेशान होकर उसने वारदात को अंजाम दिया।
हत्या को आत्महत्या बनाने का प्रयास
अर्चना की हत्या करने के बाद आरोपी योगेश ने उसे आत्महत्या बनाने का प्रयास किया। आरोपी ने पहले गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। बाद में उसके गले पर चुन्नी बांधी। इसके बाद उसे पंखे से लटकाने का प्रयास किया। पुलिस को योगेश के कमरे पर लगे पंखे के दो ब्लेड मुड़े हुए मिले हैं। ऐसा लग रहा था कि योगेश ने पत्नी को पंखे से लटकाने का प्रयास किया है, लेकिन पता नहीं ऐसा क्या हुआ कि आरोपी ने खुद ही पुलिस को कॉल कर पत्नी की हत्या की खबर दे दी। पुलिस योगेश से पूछताछ कर मामले की जांच कर रही है।
एक सितंबर को हुए थे दोनों के यहां जुड़वां बच्चे...
अर्चना का मायका अशोक नगर इलाका का है। इसके परिवार में पिता घनश्याम और भाई ललित व अन्य सदस्य हैं। परिजनों ने बताया कि अर्चना और योगेश की वर्ष 2015 में शादी हुई थी। शादी के बाद दोनों के यहां कोई बच्चा नहीं हुआ। अभी पौने तीन माह पहले ही अर्चना ने जुड़वां लड़का-लड़की को जन्म दिया था।