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केजरीवाल ने गिरफ्तारी को दी चुनौती, सुनवाई आज

Tue, 27 May 2014 09:00 AM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
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अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी पर दिल्ली हाईकोर्ट ने सोमवार को सुनवाई करने वाली याचिका मंजूर कर ली है। अब यह सुनवाई मंगलवार को होगी। केजरीवाल ने बेल बांड ना भरने पर न्यायिक हिरासत में जेल भेजे जाने को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी है। अपनी याचिका में केजरीवाल ने कहा कि उनको जेल भेजना अवैध है और उन्हें तुरंत रिहा किया जाना चाहिए।
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अरविंद केजरीवाल की ओर से उनके वकील प्रशांत भूषण ने हाईकोर्ट की बेंच, जिसमें जज बीडी अहमद और एस मृदुल हैं, याचिका दाखिल की। जिसकी सुनवाई मंगलवार को होगी।

याचिका में 21 मई और 23 मई की सुनवाई को चुनौती दी गई है। इस याचिका में कहा गया है कि बेल बांड ना भरने पर पहले भी केजरीवाल को केवल अंडरटेकिंग देने पर छोड़ा जा चुका है। इस बार बीजेपी नेता नितिन गडकरी के आपराधिक मानहानि मामले में यह क्यों नहीं किया गया।
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पहले बेल बांड नहीं भरने पर रिहा हो चुके हैं केजरीवाल

इस याचिका में आम आदमी पार्टी के नेता को एक पक्ष तो दूसरे पक्ष में गडकरी और दिल्ली की सरकार को रखा गया है। याचिका में कहा गया है कि दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री जब कह रहा है कि मैं कोर्ट के कहने पर हाजिर होने के लिए तैयार हूं, बावजूद इसके उन्हें बेल बांड नहीं भरने पर 21 मई को दो दिनों के लिए उसके बाद 23 मई को 6 जून तक बढ़ा दिया।

मजिस्ट्रेट ने अपने 21 मई वाले आदेश को रिव्यू करने से मना कर दिया और केजरीवाल के बेल बांड नहीं भरने पर न्यायिक हिरासत में भेज दिया। मजिस्ट्रेट ने कहा कि आप हाईकोर्ट जाने के लिए स्वतंत्र हैं।

इससे पहले केजरीवाल के वकील ने ट्रायल कोर्ट में बताया कि अगर आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है तो बेल बांड भरना कोई जरूरी नहीं है।
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केजरीवाल 6 जून तक हिरासत में भेजे गए

वहीं गडकरी के वकील ने इसका विरोध किया और कहा कि अपराध मामले में अदालतें अपने फैसले का रिव्यू नहीं करती हैं। मजिस्ट्रेट ने जमानत के लिए केजरीवाल को केवल बेल बांड भरने के लिए कहा था, जो एक कानूनी प्रक्रिया है, जिसे उन्होंने पूरा नहीं किया।

21 मई को कोर्ट ने केजरीवाल को आईपीसी की धारा 500 के तहत जमानत दे दी थी क्योंकि वह जमानत के दायरे में आता है, जिसे बेल बांड भरकर जमानत ली जा सकती है।
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