लाल और सफेद बॉल से क्रिकेट खेलने के दौरान अलग-अलग कप्तान बनाने की सहवाग ने जमकर वकालत की। उनका कहना था कि यदि ऐसा होता है तो इससे नए खिलाड़ियों को मौका मिलने के अलावा सीनियर खिलाड़ियों को आराम भी मिलेगा। विश्व की कई टीमों ने अलग-अलग बॉल व फॉरमेट के लिए तीन-तीन कप्तान बनाए हैं। क्रिकेट से सन्यास लेने के बाद खेल में हुए बदलावों के बारे में पूछने पर सहवाग ने बताया कि क्रिकेट अब बहुत फास्ट हो गई है। पहले के मुकाबले खिलाड़ियों को अब पैसा भी ज्यादा मिलता है। आईपीएल के बाद देश टीम सलेक्शन भी आसान हुआ है। अब सलेक्टर के पास अच्छे खिलाड़ियों को खूब विकल्प होते हैं। वह अच्छी टीम का चुनाव करते हैं। पहले 15-20 खिलाड़ियों में से ही टीम का चयन करना होता था। हालांकि खिलाड़ियों पर ज्यादा रन बनाने और विकेट लेने का दबाव बढ़ा है।
टी-20 देखना सहवाग को खासा पसंद
सहवाग ने कहा कि वह चाहते हैं कि भारतीय महिला टीम भी विश्वकप जीते। वह महिला टीम को भी बढ़ता हुआ देखना चाहते हैं। हालांकि फिलहाल भारतीय महिला क्रिकेट टीम अच्छा कर रही है। भारतीय टीम के बल्लेबाजों द्वारा स्पिनर गेंदबाजों को ठीक से न खेलने के बारे में सहवाग ने बताया कि अब हमारे खिलाड़ी घरेलू मैच कम खेलते हैं, इसकी वजह से स्पिनर को खेलने में उनको दिक्कत होती है। देसी क्रिकेट खेलने से उनकी यह दिक्कत जरूर दूर होगी।
सोशल मीडिया पर कम बेबाक नहीं सहवाग...
वीरेंद्र सहवाग सोशल मीडिया पर कम बेबाक नहीं हैं, अपने ट्वीट (एक्स) को लेकर वह चर्चाओं में बने रहते हैं। उन्होंने बताया कि पहले वह इसको एहमियत नहीं देते थे, लेकिन बाद में वह खुलकर अपनी बात रखने लगे। शुरुआत में सहयाग ने रोहित शर्मा के जन्मदिन पर लिखा कि ''रोहित शर्मा नहीं हिटमैन पैदा हुआ''। इस ट्वीट की खूब चर्चाएं हुईं। हालांकि अपने कई ट्वीट को लेकर वह विवादों में भी घिर गए, लेकिन उन्होंने कभी इसकी भी परवाह नहीं की।
घर में गृहमंत्री की ही चलती है...
अपने सेंस ऑफ ह्यूमर के लिए सहवाग को खूब जाना जाता है। उनसे पूछा गया कि घर में किसकी चलती है तो वह चुटकी लेते हुए बोले के घर में गृहमंत्री की ही चलती है। अपनी जर्सी के भी किस्से का सहवाग ने जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पहले वह 44 नंबर की जर्सी पहने थे, लेकिन उनकी मां और पत्नी दोनों ने उनके लिए 40 और 2 नंबर की जर्सी का चुनाव किया। पत्नी दो और मां 40 नंबर की जर्सी पहनने के लिए कहती थीं। सहवाग ने हंसते हुए बताया कि उन्होंने बताया कि कुछ समय के लिए वह बिना नंबर की जर्सी पहनकर ही क्रिकेट खेले।
पाकिस्तानी और ऑस्ट्रेलिया के खिलाड़ी मैदान में देते थे गाली...
सहवाग ने बताया कि खेल के मैदान में शोएब अख्तर, शाहिद अफरीदी और ऑस्ट्रेलिया के कई खिलाड़ी उनको गाली देते थे। शोएब अख्तर को बल्ले से पीटने उनको खूब मजा आता था। अपनी अंतरराष्ट्रीय पसंददीदा टीम के बारे में पूछने पर सहवाग ने भारत के बाद ऑस्ट्रेलिया को अपनी दूसरी पसंददीदा टीम बताया। सबसे शांत टीम श्रीलंका। हारने के बाद भी शाम को ऑस्ट्रेलिया के पार्टी देने की बात सहवाग ने बताई। भारतीय खिलाड़ियों को पाकिस्तान और श्रीलंका में ज्यादा पसंद किया जाता है।