फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Gurugram News: केंद्रीय मंत्री गडकरी आज परखेंगे द्वारका एक्सप्रेसवे की सुरक्षा

विज्ञापन
द्वारका एक्सप्रेस वे का फाइल फोटो
विज्ञापन
दुर्घटना संभावित क्षेत्र और प्रवेश व निकास के कट की कर सकते हैं समीक्षा
विज्ञापन


एक्सप्रेसवे के निर्माण का कुछ काम बाकी, जल्द पूरा करने का दावा


अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। देश के पहले एलिवेटेड हाईवे द्वारका एक्सप्रेसवे का बृहस्पतिवार को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी निरीक्षण करेंगे। इसे लेकर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) अलर्ट मोड में आ गया है। प्राधिकरण के अधिकारी कहते हैं कि कुछ काम अभी बाकी है, जिसको जल्द से जल्द पूरा किया जा रहा है।
निरीक्षण के दौरान एक्सप्रेसवे पर दुर्घटना संभावित क्षेत्रों के विषय में केंद्रीय मंत्री गडकरी जानकारी ले सकते हैं। साथ ही एक्सप्रेसवे पर प्रवेश और निकासी के लिए बनाए गए कट की लोकेशन आदि की समीक्षा कर सकते हैं। इसी को लेकर प्राधिकरण ने भी अपनी तैयारी की है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के साथ एक्सप्रेसवे पर निरीक्षण के समय केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत भी मौजूद रहेंगे।
विज्ञापन

हरियाणा और दक्षिणी दिल्ली को जोड़ने वाला द्वारका एक्सप्रेसवे का चार हिस्सों में बांटकर निर्माण किया है, जिनमें दिल्ली क्षेत्र के 10.01 किमी क्षेत्र को दो तथा हरियाणा क्षेत्र में 18.9 किमी क्षेत्र को भी दो क्षेत्रों में रखा गया है। हरियाणा क्षेत्र के दोनों क्षेत्रों में निर्माण कार्य 93.2 व 99.25 फीसदी तक पूरा हो चुका है और पूरी उम्मीद है यह दोनों क्षेत्र जुलाई तक चालू हो जाएंगे। वहीं दिल्ली क्षेत्र का कार्य वर्ष 2024 में पूरा होगा। हालांकि यहां पर क्लोवर लीफ पर वाहन चल रहे हैं। इसे खोला नहीं गया है लेकिन वाहन चालक स्वयं ही इसका उपयोग कर रहे हैं।
पिछले हफ्ते उपायुक्त निशांत कुमार यादव एनएचएआई और अन्य अधिकारियों के साथ खेड़की दौला स्थित क्लोवर लीफ पहुंचकर द्वारका एक्सप्रेसवे पर निर्माण कार्य का जायजा ले चुके हैं। इस प्रोजेक्ट के निर्माण पर करीब 9 हजार करोड़ रुपये की अनुमानित लागत है। इस एक्सप्रेसवे पर यातायात की सुगमता व सफर करने वालों की सुरक्षा के लिए आईटीएस, एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम, टोल मैनेजमेंट सिस्टम, सीसीटीवी कैमरा, सर्विलांस आदि अत्याधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल होगा।
विज्ञापन




एक्सप्रेसवे के निर्माण में यह हुआ है इस्तेमाल



02 लाख एमटी स्टील का प्रयोग, एफिल टावर की तुलना में 30 गुना अधिक।



20 लाख सीयूएम कंक्रीट का इस्तेमाल, बुर्ज खलीफा की तुलना में छह गुना अधिक।



12 हजार वृक्षों का ट्रांसप्लांट किया गया, भारत में इतने बड़े स्तर पर पहली बार।



द्वारका एक्सप्रेसवे का निरीक्षण करने के लिए केंद्रीय मंत्री आ रहे हैं। अभी निर्माण का कुछ काम बाकी है जिसे जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। एक्सप्रेसवे की स्थिति और अपनी तैयारियों के विषय में हम उनको अवगत कराएंगे।
- निर्माण जांभूलकर, परियोजना निदेशक, एनएचएआई
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें