-कार्यशाला में बच्चों को समझने की दी जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर-10 स्थित यूरो इंटरनेशनल स्कूल में अभिभावकों को बच्चों की भावना समझने के प्रति जागरूक किया गया। शनिवार को यह कार्यशाला संयोजक मदन साहनी द्वारा प्रस्तुत की गई। उन्होंने बताया कि हर बच्चे के अंदर बहुत कुछ होता है, पर वह बताता नहीं है। वह क्यों नहीं बताता उस बात को जानने की कोशिश करनी होगी। बच्चे के अंदर प्रतिभा होती है, हमें सिर्फ उसे खोजना है।
मदन साहनी ने बताया कि बच्चा एक बीज के समान होता है। अगर बीज को सही वातावरण मिले तो एक बीज से अनेक बीज बन सकते हैं। हमें बच्चे के अंदर की प्रतिभा को बाहर निकालना है, उसे दबाना नहीं है। अभिभावकों को बच्चों के साथ माता-पिता ही बनने की जरूरत है, उन्हें अध्यापक बनने की जरूरत नहीं है, क्योंकि अध्यापक तो बहुत मिल जाते हैं, परंतु माता-पिता एक ही होते हैं। अध्यापक बदले जा सकते हैं, लेकिन माता पिता नहीं।
माता-पिता भी अध्यापक की तरह व्यवहार करेंगे तो बच्चे अपने माता-पिता से अपने मन की बात नहीं कह सकेंगे। उन्होंने अनेक उदाहरणों द्वारा माता-पिता को बच्चों के बारे में बताया कि बढ़ती उम्र के साथ साथ उनके भावनाओं का भी ध्यान रखना चाहिए, ताकि वो आपसे खुल कर बात करें डरकर नहीं। कार्यशाला में प्रधानाचार्या नवीना दास सहित अन्य स्टाफ सदस्य भी उपस्थित रहे।