पुलिस के अनुसार आईएमटी मानेसर थाना क्षेत्र में शनिवार की सांय नाले के पास काम करने के दौरान मोहित व नंदकिशोर को नाले में नीले रंग का एक ड्रम दिखाई दिया। जिसमें से काफी बदबू आ रही थी। जिसके बाद कंपनी के सिक्योरिटी इंस्पेक्टर सोहन सिंह ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची थाना पुलिस, एफएसएल व सीन ऑफ क्राइम टीम ने ड्रम को नाले से निकालकर जांच की। पुलिस को ड्रम में से साड़ी से बंधा हुआ युवक का शव मिला। बताया जा रहा है कि उसके गले को बिजली के तार से घोंटा गया था। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर कार्रवाई शुरु कर दी।
मामले में पुलिस ने मृतक की पहचान बिहार मूल के 27 वर्षीय राम परिच्छन शर्मा के रूप में कराई। जो यहां बेगमपुर खटोला में रहता था। डीसीपी मानेसर दीपक जेवरिया के निर्देशानुसार व एसीपी मानेसर विपिन अहलावत की अगुवाई में आईएमटी मानेसर थाना पुलिस ने छानबीन की । जिसके बाद पुलिस ने गांव बॉसकुशला, गुरुग्राम से एक महिला सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार करके मर्डर की गुत्थी को सुलझा लिया।
पत्नी से अवैध संबंधों के चलते की जीजा की हत्या
आरोपियों से पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी पंचदेव ठाकुर मृतक रामपरिच्छन शर्मा का साला है। रामपरिच्छन शर्मा (मृतक) का आरोपी पंचदेव की पत्नी इंदु से अवैध संबंध थे। पंचदेव को जब इस बारे में पता चला तो उसने अपनी पत्नी के साथ मिलकर जीजा रामपरिच्छन शर्मा की हत्या करने की योजना बनाई। योजनानुसार 14 अगस्त को पंचदेव व इंदु ने रामपरिच्छन शर्मा को अपने घर बुलाया। इसके बाद रात को सोने के बाद पंचदेव व इंदु ने बिजली के तार से गला दबाकर रामपरिच्छन शर्मा की हत्या कर दी और शव को अपने घर में ही छुपा लिया। दूसरे दिन शव को एक ड्रम में डालकर पंचदेव ने अपने साथी चंदन ठाकुर के साथ मिलकर बाइक पर ले जाकर नाले में फेंक दिया।
तीनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस उनसे निशानदेही कराने के बाद अदालत में पेश करेगी। - विपीन अहलावत- एसीपी मानेसर, गुरुग्राम।