सीबाईआई ने अमन हॉस्पिटेलिटी प्राइवेट लिमिटेड (एएचपीएल) और उसके निदेशकों के खिलाफ जम्मू एंड कश्मीर (जेएंडके) बैंक के अधिकारियों से साठगांठ कर 289 करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी करने के मामले में एफआईआर दर्ज की है। यह कंपनी गुरुग्राम स्थित एंबिएंस मॉल के मालिक राज सिंह गहलोत की है। एएचपीएल के जिन निदेशकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, उनमें राज सिंह गहलोत, दयानंद सिंह और अमन गहलोत का नाम शामिल है।
सीबीआई की एफआईआर में निदेशकों पर आरोप है कि उन्होंने बैंक अधिकारियों की साठगांठ से कंपनी के कर्ज खाते को एनपीए घोषित करवा दिया था। आरोपियों ने शाहदरा इलाके में एक फाइव स्टार होटल बनाने के नाम पर दिल्ली की अंसल प्लाजा बैंक शाखा में कर्ज के लिए आवेदन किया। शुरू में इस प्रोजेक्ट की लागत 866.89 करोड़ बताई गई, जिसे बाद में संशोधित कर 1275.71 करोड़ रुपये कर दिया गया। जेएंडके बैंक ने 15 करोड़ रुपये की बैंक गारंटी के अलावा 277 करोड़ रुपये का लोन दे दिया और शेष राशि अन्य बैंकों से ली गई।
एफआईआर के मुताबिक, ऋण की राशि 2009-10 और उसके बाद जारी की गई। इसके बाद जून 2018 में खाते को एनपीए घोषित कर दिया गया। उस समय कंपनी पर 261.47 करोड़ रुपये मूलधन और 27.81 करोड़ रुपये का ब्याज बकाया था। बैंक ने कहा कि बकाये की वसूली के लिए बिना किसी कानूनी मदद के आश्चर्यजनक रूप से कर्ज खाते का 128.94 करोड़ रुपये में निपटारा कर दिया गया। एफआईआर में कहा गया है कि इसके लिए बैंक अधिकारियों ने अपनी शक्तियों का दुरुपयोग कर कंपनी की मदद की।
बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेश पर जुलाई में राज सिंह गहलोत को मनी लॉन्ड्रिंग के एक अन्य केस में गिरफ्तार किया था।