नूंह। फर्जी कागजों के आधार पर फैमिली आईडी में बार-बार जन्मतिथि बदलकर बुढ़ापा पेंशन लेने वाली एक महिला के खिलाफ नूंह सदर थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। इस संदर्भ में उपायुक्त कार्यालय से पुलिस अधीक्षक को पत्र भेजकर केस दर्ज करने के लिए लिखा गया था। यह कार्रवाई सालाहेड़ी निवासी सरफराज अहमद की शिकायत पर की गई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, गांव सालाहेड़ी निवासी जरीना और पति आस मोहम्मद दोनों फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बुढ़ापा पेंशन ले रहे थे। इस पर शिकायतकर्ता सरफराज अहमद ने आस मोहम्मद का स्कूल रिकॉर्ड प्रस्तुत किया, जिस पर पेंशन विभाग ने उसे जांच में सही पाते हुए आस मोहम्मद की पेंशन बंद कर दी और उसके खिलाफ रिकवरी का नोटिस जारी किया। वहीं, जरीना की फैमिली आईडी में उसकी 4 बार जन्मतिथि बदली गई। इसके मुताबिक उसकी फैमिली आईडी में पहली बार उसकी जन्मतिथि 06-07-1960, दूसरी बार 01-01-1968, तीसरी बार 16-10-1958 और चौथी बार 01-01-1968 दर्शाई गई।
जन्मतिथि का सत्यापन करने वाले कर्मचारी पर भी कार्रवाई का आदेश
फैमिली आईडी में जन्मतिथि को डीसीआरआईएम शराफत गोरवाल की ओर से वेरीफाई किया गया। उपायुक्त द्वारा भेज गए पत्र में आरोपी जरीना के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने, उससे पेंशन की रिकवरी करने और गलत व फर्जी कागजात के आधार पर जन्मतिथि का सत्यापन करने वाले कर्मचारी व अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की बात कही गई है। फिलहाल नूंह सदर थाना पुलिस ने एडीसी प्रदीप सिंह की शिकायत पर जरीना के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।