नहीं रोक पाता था पेशाब
जांच अधिकारी एएसआई बलविंदर ने बताया कि गुरुग्राम सेक्टर-108 स्थित एक सोसाइटी में छात्र अपने परिवार के साथ 10वीं मंजिल पर रहता था। कई साल पहले छात्र की कमर और पैर में चोट लग गई थी। कमर की चोट के कारण वह अपने पेशाब को रोक नहीं पाता था। ऐसे में सबके सामने उसका पेशाब निकल जाने से वह काफी दुखी रहता था। इसकी वजह से वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था।
मरने से पहले दबाए मां के पैर
गुरुवार रात को उसने पहले मां के पैर दबाए थे। बाद में अपने कमरे में जाने की बात कहकर वहां से चला गया था। मृतक के पिता एक निजी कंपनी में काम करते हैं। बताया जा रहा है कि शुक्रवार करीब चार बजे वह लिफ्ट से 18वीं मंजिल पर गया और वहां से छलांग लगा दी। आर्यन की मौके पर ही मौत हो गई थी।