तीसरे दिन लगाया पिंजरा, नहीं मिला तेंदुआ
गाजियाबाद। राजनगर में नजर आए तेंदुए को पकड़ने के लिए तीसरे दिन वन विभाग ने पिंजरा लगाया। खोजबीन का अभियान जारी है। अधिकारियों का कहना है कि तेंदुआ शहर से बाहर जाने की संभावना है। वह केवल एक ही सीसीटीवी फुटेज में तीन बार दिखाई दिया है। वह एक घर की तरफ जा रहा है, फिर वहां से वापस हुआ। कुछ सेकेंड में फिर साइड में जाता दिखा। उसके बाद वह दिखाई नहीं दिया है। 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरे चेक किए जा चुके हैं, लेकिन वह कहीं नजर नहीं आया।
मंगलवार की रात करीब दो बजे राजनगर सेक्टर 13 में सीसीटीवी में तेंदुआ कैद होने के बाद वन विभाग के अधिकारियों सर्च अभियान चलाया। चार दिन बीतने के बाद भी शुक्रवार को तेंदुए का कुछ पता नहीं चला है। वन विभाग की टीम ने राजनगर, संजयनगर, एएलटी, रईसपुर गांव, कमला नेहरूनगर, इंग्राहम इंस्टीट्यूट में तलाश की गई। इसके अलावा विभाग ने इन क्षेत्रों में लोगों को जागरूक किया। उन्होंने कहा कि बच्चे और बुजुर्ग घरों से बाहर न निकलें। अंधेरा होने पर डंडा लेकर घर के बाहर जाएं। लोग घरों के बाहर की लाइटों को जलाकर रखें, जिससे तेंदुआ दिखाई दे सके।
संजय नगर में लगाया पिंजरा
राजनगर, संजयनगर और एएलटी में रहने वाले देवेंद्र सिंह, राजीव शर्मा, सुरेंद्र सिंह ने बताया कि तेंदुए को लेकर परिवार के लोगों के मन में डर है। अंधेरा होने के बाद घर से नहीं निकल रहे हैं। अगर कोई व्यक्ति निकल भी रहा है तो वह हाथ में डंडा रखता है। उन्होंने बताया कि बच्चे और बुर्जुर्गों को घर से नहीं निकलने दे रहे हैं। वन विभाग के अधिकारियों ने संजय नगर में पिंजरा लगाया है। उन्होंने बताया कि पिंजरे में मास के टुकड़े लगाएंगे, जिसकी महक से वह उसके अंदर पहुंच सके। शुक्रवार वन विभाग के नर्सरी में रखे पिंजरे की रिपेयरिंग की गई।
घर के बाहर न फेंकें मास के टुकड़े
कई बार लोग मास खाने के बाद उसकी हड्डी या टुकड़े घर के बाहर फेंक देते हैं, ऐसा न करें। वह मास की खुशबू से वहां पहुंच सकता है। लोगों को इसको लेकर विशेष सावधानी बरतनी है। जब तक तेंदुआ के बारे में पता नहीं चल पाता है।
कुत्ता है प्रिय शिकार
तेंदुए का प्रिय शिकार कुत्ता है। यदि आपका पालतू कुत्ता है तो उसे घर के अंदर बंद करके रखें, वह उसका शिकार करने के लिए हमला कर सकता है। वन विभाग के अधिकारियों ने कहा है कि कुत्ते को खुले में रख रहे हैं तो उस साइड सीसीटीवी कैमरा जरूर हो।
शहर में नहीं है तेंदुआ, सतर्क रहने की जरूरत
अभियान चलाकर तेंदुए की तलाश की जा रही है। वह शहर से बाहर जा चुका है, फिर भी सतर्कता बरतनी जरूरी है। हमारी दो टीमें 24 अलर्ट हैं और जंगल व संभावित क्षेत्र में देख रही हैं। लोग डरें नहीं, सावधान रहें।
अशोक गुप्ता, क्षेत्रीय वन अधिकारी