सरकारी नौकरी का झांसा दे 11 लोगों से 20 लाख ठगे
गाजियाबाद। केंद्रीय मंत्री व डीएम से नजदीकी बताकर नौकरी के नाम पर 27 लोगों से करीब दो करोड़ ठगने वाले ललित केन गैंग के बाद एक और गिरोह सामने आया है। इस गिरोह ने भी गृह मंत्रालय, बैंक और रेलवे में सेटिंग बता नौकरी लगवाने के नाम 11 लोगों से करीब 20 लाख रुपये ठग लिए। पीड़ितों की तहरीर पर केस दर्ज कर बुलंदशहर निवासी सरगना बिलाल को गिरफ्तार कर लिया, जबकि उसके साथी फैसल की तलाश जारी है।
नगर कोतवाली की चमन कॉलोनी निवासी गुलफाम कुरैशी का कहना है कि उनका छोटा भाई शहनवाज 12वीं पास है। वह उसकी नौकरी लगवाने के लिए हाथ-पांव पीट रहे थे। इसी दौरान उनकी मुलाकात गांव अहार बुलंदशहर निवासी बिलाल से हुई। बिलाल ने कहा कि वह बैंक में नौकरी करता है और रेलवे में उसकी अच्छी जान-पहचान है। उसने कई लोगों की नौकरी रेलवे में लगवाई है। इसके बाद बिलाल के साथी फैसल निवासी अजीजाबाद बुलंदशहर ने फोन पर करके कहा कि वह बिलाल के साथ काम करता है और बिलाल रेलवे में साठगांठ की बात कर रहा है। फैसल ने यह भी कहा कि अगर विश्वास न हो तो वह उसे पूर्व में नौकरी पर लगवाए गए लोगों के नियुक्ति-पत्र दिखा देगा। गुलफाम के मुताबिक फैसल और बिलाल ने कहा कि नौकरी लगने की एवज में 5 लाख रुपये देने होंगे।
दो नियुक्ति पत्र दिखाकर झांसे में लिया
गुलफाम का कहना है कि बीती 10 फरवरी को फैसल और बिलाल आए और दो नियुक्ति-पत्र दिखाए। इस पर उन्होंने दोनों पर भरोसा कर लिया। आरोप है कि फैसल और बिलाल के कहे अनुसार उन्होंने 12 फरवरी को 50 हजार रुपये नगद दिए और 13 फरवरी को 50 हजार ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद 15 फरवरी को 25 हजार रुपये फिर से ट्रांसफर किए। आरोपियों द्वारा रुपयों की डिमांड जारी रखने पर उसे शक हुआ और उसने नौकरी लगने के बाद ही पैसे देने की बात कह दी।
नौकरी व लोन कराने के नाम पर 11 लोगों से 20 लाख ठगे
गुलफाम का कहना है कि नौकरी के बारे में पूछने पर फैसल व बिलाल टरकाने लगे और बाद में उनका फोन उठाना भी बंद कर दिया। खोजबीन करने पर पता चला कि दोनों ने 11 लोगों से नौकरी लगवाने व लोन पास कराने के नाम पर 11 लोगों से 20 लाख से अधिक की ठगी की हुई है। पीड़ितों में जटवाड़ा निवासी उमेश चंद प्रजापति से नौकरी के नाम पर ढाई लाख रुपये, इस्लाम नगर निवासी शादाब से लोन कराने के नाम पर 45 हजार रुपये, न्यू हिंडन विहार निवासी अकरम से नौकरी लगवाने के नाम पर सवा लाख रुपये, इस्लाम नगर निवासी शकील से लोन माफ कराने के नाम पर 25 हजार रुपये लिए गए।
गृह मंत्रालय, बैंक व रेलवे में नौकरी लगवाने का करते थे दावा
पीड़ित गुलफाम का कहना है कि फैसल व बिलाल जानकार लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। इसके अलावा जानकारों के जरिये संपर्क में आने वाले लोगों से भी ठगी करते थे। आरोपी गृह मंत्रालय, बैंक और रेलवे में नौकरी लगवाने का दावा करते थे। साथ ही झांसे में लेने के लिए फर्जी नियुक्ति-पत्र भी तैयार करते थे। आरोपियों की पोल खुलने के बाद गुलफाम ने नगर कोतवाली में तहरीर दी। जिसके आधार पर केस दर्ज कर पुलिस ने बिलाल को गिरफ्तार कर लिया।
ललित केन व उसके भाई-बेटे पुलिस की पकड़ से दूर
केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह व पूर्व डीएम अजय शंकर पांडेय से करीबी बताकर सिद्धार्थ विहार निवासी ललित केन और उसके परिजनों ने नौकरी लगवाने के नाम पर 27 लोगों से करीब दो करोड़ रुपये की ठगी की थी। छह पीड़ितों की तहरीर पर विजयनगर पुलिस ने ललित केन, उसके भाई, बेटों व पत्नी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किए हैं। एसपी सिटी निपुण अग्रवाल का कहना है कि ललित केन फरार चल रहा है। उसकी व अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।