रिकॉर्ड छह घंटे में धोबीघाट आरओबी का गर्डर लांच, मई से दौड़ेंगे वाहन
गाजियाबाद। धोबीघाट आरओबी पर शुक्रवार को 76.5 मीटर लंबा दूसरा धनुषाकार गर्डर रिकॉर्ड छह घंटे में लांच हो गया। गर्डर लांच होने के बाद उसे नीचे पिलर पर लाने के लिए 11 अप्रैल को दो घंटे का मेगा ब्लॉक लिया जाएगा। शुक्रवार की तरह सोमवार को कई ट्रेनें रद्द और डायवर्ट रहेंगी। गर्डर लांच होने पर लाइनपार क्षेत्र के 10 लाख लोगों की निगाहें लगी हुई थीं। ऐसे में मई माह से धोबीघाट आरओबी पर वाहनों के फर्राटा भरने की संभावना प्रबल हो गई है। बीएम कंस्ट्रक्शन के पदाधिकारी सूर्यांश शर्मा ने दावा किया कि तकनीकी टीम की कड़ी मेहनत की बदौलत रिकॉर्ड समय में काफी वजनी गर्डर को लांच किया गया है। सोमवार को गर्डर को नीचे करने के बाद डैम स्लैब डालने, सड़क का निर्माण करने सहित बाकी कार्य को मई माह तक पूरा कर लिया जाएगा।
संपर्क मार्ग तैयार, लाइनपार को मिलेगी लाइफलाइन
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, धोबीघाट आरओबी को जोड़ने वाली दोनों संपर्क मार्ग (एप्रोच रोड) बनकर तैयार हो गई हैं। दूसरा गर्डर रख दिया गया है। अब तीन से चार सप्ताह के अंदर दोनों ओर लाइटिंग के साथ अन्य काम को पूरा कर लिया जाएगा। धोबीघाट आरओबी शुरू होने से लाइनपार क्षेत्र की विभिन्न कॉलोनियों में रहने वाली 10 लाख की आबादी को राहत मिलेगी। विजयनगर, प्रताप विहार सहित अन्य कॉलोनियों के लोगों को शहर आने के लिए गोशाला अंडरपास, मोहननगर और लालकुआं घूमकर नहीं आना होगा। ऐसे में इन मार्गों पर भी वाहनों का दबाव कम होगा। आरओबी शुरू होते ही लाखों लोगों का सालों का संघर्ष खत्म हो जाएगा। शुक्रवार को पावर ब्लॉक के चलते रेलवे ने कुछ ट्रेनों को रद्द और डायवर्ट किया है। 11 अप्रैल को दोपहर 1.20 मिनट से 3.30 बजे तक का पावर ब्लॉक लिया गया है। लेकिन इस ब्लॉक से ट्रेनों की आवाजाही पर ज्यादा फर्क नहीं पडे़गा। इसकी तैयारी की गई है।