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Ghaziabad News: साइबर ठगों ने एक माह में 39 लोगों से 15 करोड़ से ज्यादा ठगे

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राहुल सिंघल
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गाजियाबाद। साइबर अपराधियों लोगों की मेहनत की कमाई पर नजर बनाए हुए हैं। ठग लोगों को अलग-अलग तरीकों से निशाना बनाकर उनकी जरूरत के अनुसार ठगी का शिकार बना रहे हैं। हाल ही में आए मामलों में सबसे ज्यादा ठगी टास्क पूरा करने पर कमाई कराना, शेयर मार्केट में निवेश करने पर मोटा मुनाफा, डिजिटल अरेस्ट के मामले हैं। एक माह में ठगों ने 39 लोगों से 15 करोड़ रुपये से ज्यादा रकम ठग ली है।

साइबर अपराध थाने में इस साल अब तक 697 शिकायतें पहुंची है। इनमें से पांच लाख से कम के मामले स्थानीय थानों को भेज दिए गए जबकि 39 मामलों में साइबर अपराध थाने में दर्ज किया गया है। एडीसीपी अपराध सच्चिदानंद ने बताया कि साइबर अपराध थाना खुलने से ठगी के मामलों की विवेचना करने के लिए स्वतंत्र टीम बन गई है। ठगी के मामलों को गंभीरता से देखकर शातिरों को ट्रेस करने का प्रयास किया जा रहा है। ठगों को गिरफ्तार करने और ठगी की रकम को फ्रिज कराकर वापस कराने के लिए टीमें लगी हैं।
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1.11 करोड़ वापस कराए, 8591 नंबर बंद कराए

साइबर अपराध थाना पुलिस ने 27 जनवरी से 27 फरवरी में दर्ज 39 मुकदमों में ठगी गई रकम में से 1.11 करोड़ रुपये फ्रिज कराकर लोगों को वापस दिलाए हैं। इनके अलावा पुलिस ने एनसीआरपी (नेशनल साइबरक्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल) पर करीब 14 हजार मोबाइल नंबरों के विरुद्ध पड़ी शिकायतों के आधार पर पुलिस ने 8591 नंबरों को बंद कराया है। जो किसी भी तरह से ठगी के मामले में शामिल रहे।




इन बातों को रखें ध्यान

- किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें।

- सोशल मीडिया पर चल रहे विज्ञापनों को पूरी तरह जांच कर ही खोलें।

- टास्क पूरा करने पर कमाई और निवेश करने पर मोटी कमाई के लालच में न आएं।



साइबर अपराध होने पर यहां करें शिकायत

- पांच लाख से कम की ठगी के या किसी भी पोस्ट पर टिप्पणी संबंधी मामलों में स्थानीय थाने पर साइबर सेल डेस्क पर शिकायत दर्ज कराएं।

- पांच लाख से ज्यादा की ठगी के मामलों में नगर कोतवाली परिसर में पहली मंजिल पर बने साइबर अपराध थाने में शिकायत करें।

- साइबर अपराध होने पर तत्काल साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर या cybercrime.gov.in पोर्टल पर शिकायत करें।
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