शहर में बाइक कैब के संचालन में नीला रंग रोड़ा अटका रहा है। रीजनल ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी (आरटीए) ने बाइक कैब के लिए नए नियम लागू किए हैं। नियम के तहत उसी बाइक को कैब का परमिट मिलेगा, जिसका रंग नीला (80 प्रतिशत) व लाल (20 प्रतिशत) होगा। टू-व्हीलर कंपनियों ने नीले रंग की बाइक का प्रोडक्शन बंद कर दिया है।
ऐसे में कंपनी को दिक्कतें आ रही हैं।बैक्सी कैब कंपनी शहर में बाइक कैब शुरू करने जा रही है। अभी तक कंपनी को 10 कैब का परमिट मिल चुका है। कंपनी के ओनर सैफ खान ने बताया कि शासन स्तर से बाइक कैब के जो नियम थे, उसे पूरा किया गया। आरटीए की बैठक में नया नियम लगा दिया गया।
इसमें उसी बाइक को कैब का परमिट दिया जाएगा, जिसका 80 फीसदी रंग नीला और 20 फीसदी रंग लाल होगा। अब मुश्किल ये है कि सिर्फ इसी रंग को लेकर टू-व्हीलर कंपनियां बाइक नहीं बनाती हैं। बजाज कंपनी की सीटी 100 बाइक ही नीले रंग में आती थी लेकिन उसका उत्पादन भी जनवरी से बंद हो गया है।
उन्होंने बताया कि कंपनी ने स्पेशली नीले रंग की 20 बाइक का ऑर्डर बजाज कंपनी को दे रखा है। जैसे-जैसे बाइक मिलेगी वैसे-वैसे परमिट लिया जाएगा। यदि नॉर्मल बाइक खरीदकर उस पर नीला रंग कराते हैं तो उसकी फिटनेस नहीं हो पाएगी।
आरटीओ कार्यालय की सुधरेगी व्यवस्था
आरटीओ कार्यालय की जल्द ही व्यवस्था सुधरेगी। शासन से विभाग को परिसर में अतिरिक्त कमरे बनाने के लिए बजट मिल गया है। विभाग जल्द ही कार्यदायी संस्था से संपर्क करके निर्माण कार्य शुरू कराएगा। एआरटीओ प्रशासन विश्वजीत सिंह ने बताया कि परिसर में बने सारथी भवन के ऊपर नए कमरे बनाए जाएंगे।
इन कमराें में रिकार्ड रूम में रखी गई फाइलों के अलावा अन्य विभाग के कर्मचारियों को शिफ्ट किया जाएगा। इससे पुरानी बिल्डिंग में काफी स्पेस हो जाएगा। बाद में प्लानिंग करके खाली जगह पर नए कार्य के लिए उपयोग में इसे लाया जाएगा।