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Ghaziabad News: 12 फीट गहरे खुले नाले में स्कूटी समेत गिरा दिव्यांग, बाल-बाल बची जान

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इंदिरापुरम के वार्ड 99 में एक मार्किट के सामने खुले नाले में गिरा स्कूटी सवार युवक। स्रोत वीडिय - फोटो : samvad
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साहिबाबाद। नगर निगम की लापरवाही एक बार फिर आम लोगों की जान पर भारी पड़ते-पड़ते बची। बृहस्पतिवार की सुबह इंदिरापुरम के वैभव खंड स्थित गौर ग्रीन सिटी मार्केट में दिव्यांग संतोष यादव स्कूटी समेत करीब 12 फीट गहरे खुले नाले में गिर गए। हादसे में उनकी कमर में चोट आई। व्यापारियों और स्थानीय लोगों ने सीढ़ी डालकर उन्हें बाहर निकाला। एक बड़ी अनहोनी टल गई।
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खोड़ा के सुभाष पार्क निवासी संतोष ने बताया कि वह सुबह बाजार आए थे। वहीं गहरे नाले पर ध्यान न जाने से अचानक स्कूटी समेत उसमें गिर गए। उन्होंने बताया कि नाले की गहराई इतनी अधिक थी कि वह चाहकर भी खुद बाहर नहीं निकल पा रहे थे। तब स्थानीय लोगों की जागरूकता और सूझबूझ के चलते उन्हें सीढ़ी के जरिये बाहर निकाला गया। स्थानीय व्यापारियों ने बताया कि यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी कई वाहन चालक और बच्चे इसी नाले में गिरने से बाल-बाल बचे हैं। लोगों के अनुसार बीती 5 जुलाई को नगर निगम ने इस नाले की सफाई कराई थी। उस दौरान पहले से बने रैंप हटा दिए गए। इसके बाद कई बार शिकायत करने पर भी यहां रैंप नहीं लगाए गए।



नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश बताया कि सफाई के बाद नाले के खुले हिस्से को पट्टी लगाकर घेर दिया गया था, जिसे स्थानीय लोगों ने ही हटा दिया। निर्माण विभाग को खुले हिस्से पर रैंप लगाने के लिए पत्र भेजा जा चुका है।
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कई जगह खुले हैं हादसों को दावत दे रहे नाले, अधिकारियों ने मूंदी आंखें
शहर के खुले नालों में लोगों की जान जा रही है लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की नींद नहीं टूट रही। बृहस्पतिवार को गौर ग्रीन सिटी मार्केट में खुले नाले में स्कूटी सवार के गिरने का हादसा पहला नहीं है। इससे पूर्व गाजियाबाद के खुले नाले में गिरकर महिला की जान जा चुकी है। खोड़ा में भी गत वर्ष मां-बेटे की जान खुले नाले में गिरने से हो गई थी। घटनाओं के बावजूद अधिकारी आंखें मूंदे हैं।
एनजीटी के आदेश का भी असर नहीं है। करीब एक वर्ष पूर्व एनजीटी ने सभी नालों को ढंकने के आदेश दिए थे। आरोप है कि इसके बावजूद अब तक नगर निगम ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। शहर के अलग-अलग हिस्सों में कई नाले आज भी खुले हैं। टीएचए में करीब दर्जनभर नाले ऐसे हैं जिन्हें सफाई के बाद अब तक नहीं ढका गया है।


यहां है खतरा, सुनवाई नहीं हो रही

- इंदिरापुरम कालापत्थर रोड स्थित गौड़ ग्रैविटी मॉल की पार्किंग के पास स्थित नाला दस जगह से खुला है। स्थानीय व्यापारी सुलोचन ने बताया कि जुलाई में निगम के कर्मचारी सफाई के लिए आए थे। उन्होंने रैंप तोड़कर सफाई तो की लेकिन शिकायतों के बाद भी रैंप को नहीं ढका। अब हमेशा हादसे का खतरा बना रहता है।
- राजेंद्रनगर स्थित राम मनोहर लोहिया पार्क के पास वाले बड़े नाले पर भी कई महीनों से रैंप नहीं है। लोगों का आरोप है कि कई बार शिकायत के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही।
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- वैशाली सेक्टर-एक स्थित बड़े नाले की बाउंड्री वॉल भी करीब छह महीने से टूटी है। फिर भी यहां पर काम नहीं हो रहा।

- साहिबाबाद साइट चार स्थित नाला भी सफाई के बाद से खुला है। शिकायतों के बाद भी यहां रैंप लगाने का काम नहीं किया गया है।
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