भूमाफिया व गैंगस्टर सुभाष यादव के घर और वाहन की शुक्रवार शाम को पुलिस ने उत्तर प्रदेश गिरोह बंद अधिनियम के तहत संपत्ति जब्त कर ली। पुलिस द्वारा जब्त की गई संपत्ति की कीमत करीब दो करोड़ से अधिक बताई गई है। इनमें एक मकान, एक इनोवा क्रिस्टा, एक आई 20 और एक मर्सिडीज कार शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक जब्त की गई संपत्ति अपराध से अर्जित की गई है।
सीओ इंदिरापुरम अंशु जैन ने बताया कि कौशांबी निवासी भूमाफिया व गैंगस्टर सुभाष यादव व उसके बेटे पर कौशांबी थाना में गैंगस्टर की कार्रवाई हुई है। इस मामले की जांच एसएचओ इंदिरापुरम संजीव शर्मा कर रहे हैं। जांच के दौरान एसएचओ इंदिरापुरम ने दोनों पिता सुभाष यादव और पुत्र मोनिल यादव की आपराधिक कृत्यों द्वारा अर्जित की गई चल अचल संपत्ति की जानकारी जुटाई। इसके बाद संपत्ति को राज्य सरकार के हित में जब्त करने के लिए डीएम को
आख्या दी।
वर्ष 2009 से अब तक आपराधिक कृत्यों से अर्जित की गई चल और अचल संपत्ति को जब्त करने का आदेश जारी हुआ। इसके बाद शुक्रवार शाम उत्तर प्रदेश गिरोह बंद अधिनियम के तहत तहसीलदार प्रवर्धन शर्मा, एसएचओ इंदिरापुरम संजीव शर्मा और एसएचओ कौशांबी अजय सिंह फोर्स के साथ कार्रवाई करने पहुंचे। उन्होंने सुभाष यादव के कौशांबी स्थित डी 89 मकान को जब्त किया। साथ में एक इनोवा क्रिस्टा कार, आई 20 और एक मर्सिडीज कार को भी जब्त किया। सीओ ने बताया कि जब्त की कई संपत्ति की कीमत दो करोड़ से अधिक है।
पिता-पुत्र पर दर्ज हैं कई मुकदमे
सीओ इंदिरापुरम ने बताया कि सुभाष यादव और उसके बेटे मोनिल यादव पर हत्या का प्रयास, रंगदारी, दुष्कर्म समेत अन्य कई धाराओं में गाजियाबाद, दिल्ली नोएडा में कई मुकदमे दर्ज हैं। हाल में ही आरोपी सुभाष यादव इन दिनों जमानत पर बाहर है। उसका बेटा मोनिल गाजियाबाद की डासना जेल में बंद है। पुलिस के मुताबिक, सुभाष यादव डीपी यादव का खास आदमी है। हाल में इंदिरापुरम के वसुंधरा में नीतिश कटारा हत्याकांड के मुख्य गवाह अजय कटारा ने सुभाष यादव पर मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इंदिरापुरम पुलिस उसकी जांच कर रही है।