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जीबी पंत अस्पताल ने दिया बेतुका बयान- कहा 'मरीजों ने ही जमीन से उठा कर थाली में डाले होंगे कीड़े'

Thu, 20 Sep 2018 04:03 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
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Worms found in food - फोटो : अमर उजाला
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मरीजों के खाने की थाली में कीड़े मिलने के मामले में जीबी पंत सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एसएम रहेजा कर बेतुका बयान आया है। उनका कहना है कि मरीज ने जानबूझकर फर्श पर चल रहे कीड़े को थाली में डाल लिया होगा। 
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मरीज ऐसा अक्सर करते रहते हैं। उधर, चिकित्सा अधीक्षक के इस बयान पर स्वास्थ्य विभाग ने भी नाराजगी व्यक्त की है। स्वास्थ्य सेवाओं के महानिदेशक डॉ. कीर्तिभूषण का कहना है कि कोई मरीज ऐसा क्यों करेगा?

जीबी पंत अस्पताल के न्यूरो वार्ड में भर्ती मरीजों के ऐसा करने के पीछे कोई वजह दिखाई नहीं देती। डॉ. भूषण का ये भी कहना है कि शिकायत मिलने के बाद वे कार्रवाई जरूर करेंगे। जबकि जीबी पंत अस्पताल ने मरीजों की शिकायत को स्वास्थ्य विभाग तक नहीं पहुंचाया। 
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 दिलचस्प बात यह है कि डा. रहेजा का जवाब स्वयं अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता है। यदि उनकी बात भी मान ली जाए तो वे यह स्पष्ट नहीं कर पाए कि आखिर फर्श पर कीड़े कैसे आ गए और साफ-सफाई क्यों नहीं होती। जिस अस्पताल के फर्श पर कीड़े रेंगते हों तो ऐसे में यह समझना मुश्किल नहीं कि वहां कैसा इलाज होता होगा।  
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दरअसल, मंगलवार देर शाम जीबी पंत अस्पताल में मरीजों के खाने में कीड़े मिलने के बाद काफी देर हंगामा हुआ। इसकी खबर दिल्ली स्वास्थ्य विभाग को मिलते ही जवाब मांगा गया।

इस पर जीबी पंत अस्पताल के अधिकारियों ने दिनभर जांच का हवाला दिया। वहीं शाम को अपने सुर बदलते हुए मरीजों पर ठीकरा फोड़ दिया। इनकी नजर में मरीज दोषी हैं। अस्पताल मरीजों को उत्तम गुणवत्ता युक्त भोजन परोस रहा है।       

सुश्रुत अस्पताल की रिपोर्ट पर विभाग ने साधी चुप्पी      
वहीं कुछ दिन पहले दिल्ली सरकार के एकमात्र ट्रॉमा अस्पताल के आईसीयू में भर्ती बेघर मरीज को पड़े कीड़ों की जांच के बाद अब रिपोर्ट पर दिल्ली स्वास्थ्य विभाग खामोश है। सूत्रों के मुताबिक जांच रिपोर्ट विभाग के आला अधिकारियों तक पहुंच चुकी है।

इसमें डॉक्टरों की लापरवाही को उजागर नहीं किया गया है। जबकि अस्पताल के ही एक डॉक्टर का कहना है कि मरीज के कागजों में  पूरी कहानी स्पष्ट लिखी है। बावजूद इसके जांच में उसे शामिल नहीं किया गया।     
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