कई रूटों पर कम की गईं बसें, चार दिनों तक यात्रियों को हो सकती है परेशानी
बल्लभगढ़। ट्रांसलेशनल स्वास्थ्य विज्ञान और प्रौद्योगिकी संस्थान (टीएचएसटीआई) में 17 जनवरी से 20 जनवरी तक अंतरराष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। महोत्सव में भाग लेने वाले लोगों को पहुंचने में किसी प्रकार की कोई परेशानी ना हो उसके लिए रोडवेज डिपो की ओर से प्रतिदिन पांच स्थानों से 25 बसों का संचालन किया जाएगा। इसको लेकर डिपो अधिकारियों की ओर से तैयारी कर ली गई हैं। इसमें उनके द्वारा रूट मैप के साथ-साथ चालक व परिचालकों की ड्यूटी भी तय कर दी गई है।
फरीदाबाद में होने वाले विज्ञान महोत्सव में देशभर से 2000 विद्यार्थियों के अलावा विभिन्न देशों के वैज्ञानिक एवं उद्योगपति हिस्सा लेंगे। यह सभी विद्यार्थी अपने स्कूलों से विज्ञान विषय का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। मेले से विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति रूचि पैदा होगी और उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा।
यहां से मिलेंगी बसें
मुख्य निरीक्षक रोडवेज नानक चंद ने बताया कि पहले सरकार की ओर से कार्यक्रम के लिए 45 बसों की मांग की गई थी लेकिन अब 25 बसें हर रोज विभिन्न रूटों से चलेंगी, जिनकी समय सारणी भी तैयार कर ली गई है। उन्होंने बताया की बसें बल्लभगढ़ डिपो, बल्लभगढ़ मेट्रो स्टेशन, फरीदाबाद रेलवे स्टेशन, बड़खल मेट्रो स्टेशन और गुरुग्राम स्थित सिकंदरपुर मेट्रो स्टेशन से सुबह 8 बजे, 8:15 बजे , 8:45 बजे, 9 बजे और 10 बजे रवाना होंगी। वहीं वापस में यह बसें शाम 4 बजे, 5 बजे, 6 बजे, 5:30 बजे, 6 बजे और 7 बजे रवाना होंगी। हर रोज 5 समय सारणी पर 5 बसों को रवाना किया जाएगा।
रात्रि और स्थानीय रूट की बसों को किया जाएगा बंद
डिपो के पास वैसे तो पर्याप्त मात्रा में बसों की संख्या है। अभी डिपो के पास कुल 180 बसें हैं, लेकिन चालक व परिचालकों की कमी के कारण डिपो में 30 बसें काफी समय से खड़ी हुई हैं। विज्ञान महोत्सव के लिए रात्रि ठहराव और स्थानीय रूट पर चलने वाली बसों को बंद किया जाएगा। इसमें हमीरपुर, वैजनाथ, हरिद्वार, चंडीगढ़, पंचकुला, हिसार के अलावा पलवल, होडल आदि रूटों की बसों को बंद किया जाएगा। इससे इन रूटों पर चलने वाले यात्रियों को चार दिन तक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
यात्रियों को हो सकती है परेशानी
बसों की संख्या पर्याप्त हैं लेकिन चालक व परिचालक की कमी के कारण कुछ रूटों को बंद किया जाएगा। इससे यात्रियों को परेशानी हो सकती है।
-नानक चंद, मुख्य निरीक्षक रोडवेज