कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। एनआईटी-3 क्षेत्र के निवासी लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहे हैं। क्षेत्र में गंदगी, सीवर ओवरफ्लो, बिजली कटौती, पार्किंग की समस्या, स्ट्रीट लाइटों का अभाव और लावारिस कुत्तों का आतंक लोगों के लिए बड़ी परेशानी बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। यह सभी बातें लोगों ने रविवार को संवाद कार्यक्रम में कहीं।
दीपक भाटिया, कुलदीप, विनोद, तनुज, रमेश, सुरेंद्र, सतीश, रविंद्र, चंदन, संजय, उमंग व अन्य लोगों ने बताया कि नगर निगम के कर्मचारी सफाई के लिए पहुंचते तो हैं, लेकिन नियमित और प्रभावी सफाई नहीं होने से समस्या दोबारा खड़ी हो जाती है। क्षेत्र में कई खंभे टेड़े हैं, जिससे कभी भी हादसा हो सकता है।
बिजली की समस्या भी लोगों के लिए बड़ी चिंता बनी हुई है। लोगों का कहना है कि पानी की सप्लाई के समय अक्सर बिजली गुल रहती है, जिससे घरों में पानी नहीं भर पाता। पार्क में लगी अधिकांश बेंच टूट चुकी हैं। स्थानीय लोगों ने पार्क में करीब 20 नई बेंच और दो कैनोपी लगाने की मांग की है ताकि बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को बैठने की सुविधा मिल सके।
क्षेत्र में चोरी की घटनाओं में भी बढ़ोतरी की शिकायत सामने आई है। लोगों का कहना है कि घरों से पानी की मोटर चोरी होने की घटनाएं होती रहती हैं। वहीं शाम सात बजे के बाद कुछ असामाजिक तत्व सड़क किनारे कार खड़ी कर नशा करते हैं, जिससे आसपास रहने वाले लोगों में असुरक्षा का माहौल रहता है।
लोगों से बातचीत
शिव मूर्ति चौक पर बोर्ड लगाया जाए। वर्तमान में लोग इस स्थान को मस्जिद चौक के नाम से जानते हैं, जिससे भ्रम की स्थिति बनी रहती है। - दीपक भाटिया
एक गली में करीब 20 लावारिस कुत्तों के होने से लोगों में भय का माहौल है। कुत्ते कभी भी हमला कर देते हैं। - सुरेंद्र बजाज
स्कूल के बाहर छुट्टी के समय अतिरिक्त वाहनों के कारण निवासियों को वाहन खड़े करने में समस्या होती है। - विनोद भाटिया
जगह-जगह सीवर ओवरफ्लो होने से सड़कों पर गंदा पानी जमा रहता है। बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। - कुलदीप अरोड़ा
स्ट्रीट लाइट नहीं होने और चोरी की घटनाओं से लोग डरे हुए हैं। पुलिस गश्त और बेहतर रोशनी की जरूरत है।- तनुज अहूजा
शाम के बाद कुछ लोग सड़क किनारे कार खड़ी कर नशा करते हैं। इससे महिलाओं को असुरक्षा महसूस होती है। सतीश